खण्ड (अ) अध्याय 7 भारत के पड़ोसी देश (अ) नेपाल

 खण्ड (अ) अध्याय 7 भारत के पड़ोसी देश
(अ) नेपाल

बिहार बोर्ड के 9वीं कक्षा का भूगोल विषय का सम्पूर्ण प्रश्नोत्तर

सरल एवं आसान शब्दों में उत्तर देना सीखें



अध्याय 7 भा
 
वस्तुननिष्ठ प्रश्नोत्तर 
1. नेपाल की सीमा भारत के किस राज्य से मिलती है?
(क) अरुणाचल प्रदेश
(ख) मणिपुर
(ग) सिक्किम
(घ) पंजाब
उत्तर- (ग) सिक्किम
 
2. महाभारत लेख क्या है?
(क) पर्वत श्रृंखला
(ख) लेखागार
(ग) मैदान
(घ) राजमहल
उत्तर- (क) पर्वत श्रृंखला
 
3. गण्डक नदी को नेपाल में किस नाम से जाना जाता है? 
(क) काली गण्डक नदी
(ख) नारायणी नदी
(ग) त्रिशुल नदी
(घ) कृष्णा नदी
उत्तर- (ख) नारायणी नदी
लघुउत्तरीय प्रश्नोत्तर  
 
1. नेपाल के सर्वोच्च शिखर का नाम एवं ऊँचाई बताएँ।
उत्तर- विश्व का सर्वोच्च शिखर माउंट एवरेस्ट जिसकी ऊँचाई 8848 मीटर है। नेपाल तिब्बत सीमा पर अवस्थित है। स्थानीय लोग इस चोटी को सागरमाथा के नाम से पुकारते हैं।
 
2. नेपाल की तीन प्रमुख नदियों के नाम लिखें।
उत्तर- नेपाल में पूर्व से पश्चिम तीन प्रमुख नदी तंत्र का क्रम है क्रमशः कोसी, गण्डक तथा घाघरा नदी। यहाँ की सबसे लंबी नदी करनाली है जो घागरा की सहायक नदी है।
 
3. नेपाल के पड़ोसी देश और सीमावर्ती भारतीय राज्यों का नाम लिखें।
उत्तर  –  नेपाल के उत्तर में तिब्बत (चीन) स्थित है। जिसके बीच महान हिमालय दीवार जैसा खड़ा है। अन्य तीन तरफ से भारत के राज्य पड़ते हैं। नेपाल के पूर्व में सिक्किम एवं पश्चिम बंगाल, पश्चिम में उत्तराखंड तथा दक्षिण में बिहार एवं उत्तर प्रदेश राज्य स्थित है।
 
दीर्घ उत्तरीय प्रश्नोत्तर 
 
1. नेपाल की अर्थव्यवस्था का विवरण दीजिए।
उत्तर- नेपाल में जीवन-निर्वाह कृषि के साथ-साथ पशुपालन मुख्य व्यवसाय है। यहाँ 18% भूभाग पर खेती होती है।
 
              नेपाल में खनिजों का घोर अभाव है। अभ्रक यहाँ मुख्य खनिज है। अल्प मात्रा में लिग्नाइट, तांबा, कोबाल्ट आदि मिलते हैं। शक्ति के साधन के रूप में भारत के सहयोग से देवी घाट जल विद्युत परियोजना चालू किया गया है। यहाँ जल विद्युत विकास की असीम संभावनाएँ है। किंतु इसका विकास नहीं के बराबर हुआ है। 
 
            औद्योगिक दृष्टि से नेपाली पिछड़ा देश है। बड़े उद्योग स्थापित होने वाले कारकों का अभाव है। यहाँ कृषि एवं वन आधारित उद्योगों का विकास किया जा रहा है। यहाँ सूती वस्त्र, चीनी, जूट, चमड़ा,वनस्पति तेल, तंबाकू, दियासलाई, कागज तथा लुग्दी इत्यादि का निर्माण होता है। सीमेंट तथा कृषि उपकरण भी बनाए जा रहे हैं। यहाँ के प्राकृतिक सौंदर्य, धार्मिक स्थल तथा पर्वतारोहण सैलानियों को आकर्षित करते हैं। यहाँ पर्यटन उद्योग का तेजी से विकास हो रहा है।
 
2. नेपाल की जलवायु, मृदा और जलप्रभाव का वर्णन कीजिए।
उत्तर- नेपाल की जलवायु शीत प्रधान है। यहाँ की जलवायु भू आकृतियों से प्रभावित है। दक्षिण के तराई वाले भाग को छोड़कर सभी स्थानों पर तापमान कम रहता है। क्योंकि 75% भूभाग की ऊँचाई समुद्र तल से काफी ऊँचा होता है। काठमांडू का तापमान जाड़ें में 2° सेंटीग्रेट से भी नीचे चला जाता है। जबकि गर्मी में 30° सेंटीग्रेट तक पहूँच जाता है। यहाँ का वार्षिक औसत तापमान 10℃ है। यहाँ का वार्षिक औसत तापमान 10℃ है। यहाँ मार्च से अगस्त तक ग्रीष्म ऋतु तथा सितंबर से फरवरी तक शीत ऋतु रहता है। गर्मी में मानसूनी हवाओं से नेपाल के पूर्वी भाग में 200 सेंटीमीटर तथा पश्चिमी भाग में 100 सेंटीमीटर वार्षिक वर्षा होती है। जाड़े में देश के उत्तरी भाग में हिमपात होते हैं तथा शीतकालीन चक्रवातीय वर्षा भी होती है।
 
3. नेपाल की अर्थव्यवस्था पर उद्योगों के प्रभाव का वर्णन कीजिए।
उत्तर- नेपाल में खनिजों का घोर अभाव है। अभ्रक यहाँ मुख्य खनिज है। अल्प मात्रा में लिग्नाइट,तांबा, कोबाल्ट आदि मिलते हैं। शक्ति के साधन के रूप में भारत के सहयोग से देवी घाट जल विद्युत परियोजना चालू किया गया है। यहाँ जल विद्युत विकास की असीम संभावनाएँ है। किंतु इसका विकास नहीं के बराबर हुआ है।  

              औद्योगिक दृष्टि से नेपाली पिछड़ा देश है। बड़े उद्योग स्थापित होने वाले कारकों का अभाव है। यहाँ कृषि एवं वन आधारित उद्योगों का विकास किया जा रहा है। यहाँ सूती वस्त्र, चीनी, जूट, चमड़ा, वनस्पति तेल, तंबाकू, दियासलाई, कागज तथा लुग्दी इत्यादि का निर्माण होता है। सीमेंट तथा कृषि उपकरण भी बनाए जा हे हैं। यहाँ के प्राकृतिक सौंदर्य, धार्मिक स्थल तथा पर्वतारोहण सैलानियों को आकर्षित करते हैं। यहाँ पर्यटन उद्योग का तेजी से विकास हो रहा है।


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खण्ड (अ) अध्याय 6 जनसंख्या

 खण्ड (अ) अध्याय 6 जनसंख्या

बिहार बोर्ड के 9वीं कक्षा का भूगोल विषय का सम्पूर्ण प्रश्नोत्तर

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अध्याय 6 जनसंख्या
वस्तुननिष्ठ प्रश्नोत्तर  
1. भारत में सर्वाधिक साक्षरता दर किस राज्य की है?
(क) पश्चिम बंगाल
(ख) महाराष्ट्र
(ग) बिहार
(घ) केरल
उत्तर- (घ) केरल
2. भारत की औसत आयु संरचना क्या है?
(क) 64.6 वर्ष
(ख) 64.9 वर्ष
(ग) 81.6 वर्ष
(घ) 70.2 वर्ष
उत्तर- (क) 64.6 वर्ष (2001)
3. 2001 ई० की जनगणना में प्रति 1000 पुरुषों पर महिलाओं के अनुपात की क्या स्थिति है?
(क) 927 महिलाएँ
(ख) 990 महिलाएँ
(ग) 933 महिलाएँ
(घ) 1010 महिलाएँ
उत्तर- (ग) 933 महिलायें
4. भारत का औसत जनसंख्या घनत्व प्रति वर्ग कि०मी० क्या है?
(क) 318 व्यक्ति
(ख) 325 व्यक्ति
(ग) 302 व्यक्ति
(घ) 288 व्यक्ति
उत्तर – (ख) 325 व्यक्ति
लघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर 
1. 1951 ई० में भारत की जनसंख्या कितनी थी?
उत्तर – 1951 ई० में भारत की जनसंख्या 361 लाख  थी।
2. भारत में 2001 ई० में नगरीय जनसंख्या का प्रतिशत क्या था?
उत्तर – भारत में 2001 ई० में नगरीय जनसंख्या का प्रतिशत 27.78 था।
3. केरल में प्रति एक हजार पुरुषों पर महिलाओं की संख्या क्या है?
उत्तर – केरल में प्रति एक हजार पुरुषों पर महिलाओं की संख्या 1058 है । (जनगणना 2001 के अनुसार)
4. भारत की साक्षरता दर का वर्णन करें।
उत्तर – साक्षरता जनसंख्या का बहुत ही महत्वपूर्ण संसाधनात्मक गुण होता है। स्पष्टत: केवल एक शिक्षित और जागरूक नागरिक ही बुद्धिमत्तापूर्ण निर्णय ले सकता है तथा शोध एवं विकास के कार्यों को कर सकता है। साक्षरता स्तर में कमी आर्थिक प्रगति में गंभीर बाधक होता है।
            भारत की साक्षरता के स्तर में धीरे-धीरे सुधार हो रहा है 2001 ई० की जनगणना के अनुसार देश की साक्षरता दर 64.84% पुरुषों का 73% एवं महिलाओं की 53.67% है। परंपरागत मान्यताओं के कारण महिलाओं की साक्षरता दर कम है। लेकिन इसमें तेजी से सुधार हो रहा है।
5. भारत के लिंग अनुपात की विशेषताओं को बताएँ।
उत्तर – प्रति 1000 पुरुषों पर महिलाओं की संख्या को लिंग अनुपात कहा जाता है। यह जानकारी किसी दिए गए समय में, समाज में पुरुषों एवं महिलाओं के बीच समानता की सीमा मापने के लिए एक महत्वपूर्ण सार्वजनिक सम्यक है। देश में लिंग अनुपात महिलाओं के पक्ष में नहीं है। सन 1951 से 2001 के बीच के लिंग अनुपात की सारणी इस प्रकार है-
जनगणना वर्ष             लिंग अनुपात
 1951 –                          946
  1961 –                          941
  1971 –                          930
  1981 –                         934
  1991 –                          929
  2001 –                         933
भारत में लिंग अनुपात 1951-2001
6. जनगणना से आप क्या समझते हैं ?
उत्तर – एक निश्चित समय अंतराल की आधिकारिक गणना को जनगणना कहते हैं। भारत में सबसे पहले 1872 ई० में जनगणना की गई थी। सन 1881 में पहली बार संपूर्ण जनगणना की गई थी। उसी समय से प्रत्येक 10 वर्ष पर जनगणना होती है। भारतीय जनगणना जनसांख्यिकी, समसामयिक तथ्यों तथा आर्थिक आँकड़ों का सबसे बड़ा स्रोत है।
 
दीर्घ उत्तरीय प्रश्नोत्तर
1. भारत की जनसंख्या वृद्धि की विशेषताओं को बताएँ।
उत्तर – भारत की जनसंख्या वृद्धि की विशेषताएँ मुख्यतः चार हैं-
(i) जन्मदर
(ii) मृत्युदर
(iii) प्रवास तथा
(iv) व्यावसायिक संरचना।
(i) जन्मदर- एक वर्ष में प्रति हजार व्यक्तियों में जितने बच्चों का जन्म होता है, उसे जन्मदर कहते हैं। यह जनसँख्या वृद्धि का एक प्रमुख घटक है क्योंकि भारत में हमेशा जन्मदर मृत्युदर से अधिक रहा है। भारत की आबादी 1951 में 36 करोड़ 10 लाख से बढ़कर 2011 में 1 अरब 21 करोड़ हो गई।
(ii) मृत्युदर- क वर्ष में प्रति हजार व्यक्तियों के मरने की संख्या को मृत्युदर कहा जाता है। मृत्युदर में तेजी से गिरावट भारत की जनसंख्या में वृद्धि की दर का प्रमुख कारण है। 1980 तक उच्च जन्मदर में धीमी गति से एवं मृत्युदर में तीव्र गति से गिरावट के कारण जन्मदर और मृत्युदर में काफी बड़ा अन्तर आ गया है । इसके कारण जनसंख्या में विस्फोट हो गया।
(iii) प्रवास-  लोगों का एक क्षेत्र से दूसरे क्षेत्र में चले जाने को प्रवास कहते हैं। प्रवास केवल जनसंख्या के आकार को ही प्रभावित नहीं करता, बल्कि उम्र एवं लिंग के वृद्धि में ग्रामीण-नगरीय प्रवास के कारण शहरों तथा नगरों की जनसंख्या में नियमित वृद्धि हुई है। 1951 में कुल जनसंख्या की 17.29% नगरीय जनसंख्या थी, जो 2011 में बढ़ कर 37.8% हो गई।
(iv) व्यावसायिक संरचना- आर्थिक रूप से क्रियाशील जनसंख्या का प्रतिशत विकास का एक महत्त्वपूर्ण सूचक है। विभिन्न प्रकार के व्यवसायों के अनुसार किए गए जनसंख्या के आर्थिक वितरण को व्यावसायिक संरचना कहते हैं। भारत एक कृषि प्रधान देश है अत: 64% जनसंख्या गाँवों में कृषि कार्य पर आधारित है। शहरों में जीविका-निर्वाह के साधनों के बढ़ने से सुरक्षा के ख्याल से भी नगरों की संख्या बढ़ रही है।
2. भारत के विषम जनसंख्या घनत्व वर्णन कीजिए।
उत्तर – जनसंख्या घनत्व का तात्पर्य भूमि के प्रति इकाई पर आधिवासिस होने वाली जनसंख्या है। भारतीय जनगणना विभाग द्वारा स्तरीय मापक के रूप में प्रति वर्ग किलोमीटर को एक इकाई माना गया है। इस दृष्टि से भारत की जनगणना 2001 के अनुसार भारत का औसत जनसंख्या घनत्व 325 व्यक्ति प्रति वर्ग किलोमीटर है। लेकिन इसमें भारी विषमता है। मैदानी राज्यों में सर्वाधिक घनत्व है। तटीय राज्यों में भी काफी घनत्व है। लेकिन इसमें भारी वविषमता है। मैदानी राज्यों में आदिवासी आर्थिक संरचनात्मक सुविधा की कमी के कारण, कम घनत्व पाए जाते हैं। पठारी राज्यों में सामान्य घनत्व की स्थिति है। 

             भारतीय राज्यों में सर्वाधिक घनत्व पश्चिम बंगाल का है। यहाँ औसतन प्रति वर्ग किलोमीटर 904 व्यक्ति रहते हैं। इसके बाद क्रमशः बिहार(881), केरल(819), का स्थान आता है। सबसे कम घनत्व अरुणाचल प्रदेश अर्थात पर्वतीय राज्य का है जहां औसत घनत्व मात्र 13 व्यक्ति प्रति वर्ग किलोमीटर है। केंद्र शासित प्रदेशों को सम्मिलित कर देखा जाए तो सर्वाधिक दिल्ली में है। यह 9340 व्यक्ति प्रति वर्ग किलोमीट है। लेकिन सबसे कम घनत्व अरुणाचल प्रदेश में ही है। केंद्र शासित प्रदेशों में  निकोबार द्वीप समूह का घनत्व 34 व्यक्ति प्रति वर्ग किलोमीटर है।


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अध्याय 5 प्राकृतिक वनस्पत
वस्तुननिष्ठ प्रश्नोत्तर 
 
रिक्त स्थानों की पूर्ति करें-
(1) भारत में तापमान चूँकि सर्वत्र पर्याप्त है । अतः तापमान की मात्रा वनस्पति के प्रकार को यहां निर्धारित करती है ।
 
(2) धरातल पर एक विशिष्ट प्रकार की वनस्पति या प्राणी जीवन वाले पारिस्थितिक तंत्र को जीवोम कहते है ।
 
(3) मनुष्य भी पारिस्थितिक तंत्र का एक अभिन्न अंग है ।
 
(4) घड़ियाल मगरमच्छ की एक प्रजाति विश्व में केवल भारत देश में पाया जाता है
 
(5) देश में जीव मंडल निचय (आरक्षित क्षेत्र) की कुल संख्या 14 है जिसमें 4 को विश्व के जीव मंडल निचयों में सम्मिलित किया गया है ।
 
कारण बताओ-
 
(1) हिमालय के दक्षिणी ढलान पर उत्तरी ढलान की अपेक्षा सघन वन पाए जाते हैं।
उत्तर – हिमालय के उत्तरी ढाल जहाँ बहुत अधिक वर्षा होती है वहाँ अत्यंत सघन वनस्पति एवं सदाबहार वृक्ष पाए जाते हैं। इसके विपरीत हिमालय के दक्षिणी ढलान उत्तरी ढलान की अपेक्षा वृष्टि छाया में पड़ता है वहाँ वनस्पति की सघनता एवं उसका प्रकार इससे प्रभावित होते हैं। अर्थात हिमालय के उत्तर से दक्षिण की ओर बढ़ने पर वर्षा की मात्रा एवं उसकी अवधि घटती जाती है। इसका सीधा  प्रभाव वनस्पति की सघनता वृक्षों की ऊँचाई एवं उसके किस्म पर देखने को मिलती है।
 
(2) उष्णकटिबंधीय वर्षा वन में धरातल लता वितानों से ढका हुआ है।
उत्तर – उष्ण कटिबंधीय वर्षा वन में धरातल लता वितानों से ढका हुआ है क्योंकि यहाँ  सदाबहार जंगल मिलते हैं। इस क्षेत्रों में 200 सें० मी० से अधिक वर्षा होती है । इस क्षेत्र में अधिक वर्षा और ऊँचे तापमान के कारण वृक्षों की काफी अधिक वृद्धि होती हैं। वन काफी सघन होते हैं। इसके कारण सूर्य प्रकाश धरातल पर नहीं पहुंच पाता है। अत्यधिक वर्षा के कारण यहाँ विभिन्न प्रकार की लताएँ वृक्षों से लिपटी रहती हैं तथा धरातल विभिन्न प्रकार की झाड़ियों से आच्छादित रहता है।
 
(3) जैव विविधता में भारत बहुत धनी है।
उत्तर – हमारा देश भारत विश्व की मुख्य 12 जैव-विविधता वाले देशों में से एक है। लगभग 47000 विभिन्न जातियों के पौधे पाए जाने के कारण यह देश विश्व में दसवें स्थान पर और एशिया के देशों में चौथे स्थान पर है। भारत में लगभग 15000 फूलों के पौधे हैं जो कि विश्व में फूलों के पौधे का 6% है। इस देश में बहुत से बिना फूलों के पौधे हैं जैसे कि फर्न, शैवाल(एलेगी) तथा कवक(फंजाई) भी पाए जाते हैं।
           वनस्पति की भाँति ही भारत विभिन्न प्रकार के प्राणी संपत्ति में भी धनी है। यहाँ जीवों की लगभग 90000 प्रजातियाँ मिलती है। देश में लगभग 2000 से अधिक पक्षियों की प्रजातियाँ पाई जाती है। यह कुल विश्व का 13% है। यहाँ मछलियों की 2546 प्रजातियाँ है जो विश्व के लगभग 12% है। भारत में विश्व के 5 से 8% तक उभयचरी, सरीसृप तथा स्तनधारी जानवर भी पाए जाते हैं।
          इस प्रकार कहा जा सकता है कि हमारा देश जैव-विविधता में बहुत धनी है।
(4) झाड़ी एवं कँटीले वन में पौधों की पत्तियाँ रोएँदार मोमी गद्देद्दार एवं छोटी होती है।
उत्तर- क्योंकि इस प्रकार के वनस्पति गुजरात, राजस्थान, हरियाणा के आर्द्र-शुष्क क्षेत्र, उत्तर प्रदेश का दक्षिण-पश्चिम क्षेत्र, मध्य प्रदेश का उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र आदी क्षेत्रों में पाए जाते हैं। जहाँ झाड़ी एवं कँटीले वन के लिए पानी की माँग सबसे महत्वपूर्ण है। अतः इसे प्राप्त करने के लिए इनकी जड़ें अत्यंत गहरी होती है। पानी को अधिक से अधिक बचा कर रखा जा सके इसलिए इनके तने मोटे होते हैं या पत्तियाँ मोटी, रोएँदार या गूद्देदार होती है। भौतिक वातावरण के साथ प्राकृतिक वनस्पति के समायोजन का यह अनूठा उदाहरण है।
लघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर-
 
(1) सिंपलीपाल जीवमंडल निचय कहाँ है?
उत्तर – सिंपली पाल जीव मंडल निचय उड़ीसा में है।
 
(2) बिहार किस प्रकार के वनस्पति प्रदेश में आता है?
उत्तर – बिहार उष्णकटिबंधीय पर्णपाती वनस्पति प्रदेश में आता है।
 
(3) हाथी किस वनस्पति प्रदेश में पाया जाता है?
उत्तर – स्तनधारी जीवो में हाथी सर्वाधिक महत्वपूर्ण है। यह भारत के उष्णार्द्र वनों में पाए जाते हैं।
 
(4) भारत में पाए जाने वाले कुछ संकटग्रस्त वनस्पति एवं प्राणी के नाम बताएँ।
उत्तर – कुछ संकटग्रस्त प्राणियों के नाम- काला हिरण, मगरमच्छ, समुद्री गाय, लाल पांडा इत्यादि ।
 
(5) बिहार में किस वन्य प्राणी को सुरक्षित रखने के लिए वाल्मीकि नगर में प्रोजेक्ट चलाया जा रहा है।
उत्तर – बिहार का वाल्मीकि नगर में प्रोजेक्ट मूल रूप से बाघों को सुरक्षित रखने के लिए चलाया जा रहा है। परन्तु यह गैंडों के लिए भी अनुकूल है। इसे देखते हुए ही सरकार इसको गैंडों के लिए भी सुरक्षित करने का प्रयास कर रही है। 
 
दीर्घ उत्तरीय प्रश्नोत्तर-
 
(1) पारिस्थितिक तंत्र किसे कहते हैं?
उत्तर- किसी क्षेत्र में पेड़-पौधे तथा जीव-जंतु आपस में अपने भौतिक पर्यावरण से अन्तर्सम्बन्धित होकर जिस तंत्र का निर्माण करते हैं, उसे पारिस्थितिक तंत्र कहा जाता है। पृथ्वी पर पादपों तथा जीवो का वितरण मुख्यतः जलवायु द्वारा निर्धारित होता है। किसी क्षेत्र के पादपों की प्रकृति काफी हद तक उस क्षेत्र के प्राणी जीवन को प्रभावित करती है। जब वनस्पति बदल जाती है तो प्राणी जीवन भी बदल जाता है।
 
(2) भारत में पादपों तथा जीवों का वितरण किन कारकों द्वारा प्रभावित होता है?
उत्तर – पृथ्वी पर पेड़-पौधे तथा जीवों का वितरण काफी हद तक भौतिक दशाएँ एवं जलवायु से प्रभावित होता है।भारत में पादपों तथा जीवों का वितरण निम्नलिखित कारकों द्वारा प्रभावित होता है-
◆ भू-भाग का स्वरूप
◆ मिट्टी
◆ तापमान
◆ सूर्य का प्रकाश
◆ वर्षण, इत्यादि।
 
(3) वनस्पति जगत एवं प्राणी जगत हमारे अस्तित्व के लिए क्यों आवश्यक है?
उत्तर- पृथ्वी पर पेड़-पौधे तथा जीवों का वितरण काफी हद तक भौतिक दशाएँ एवं जलवायु से प्रभावित होता है, खास किस्म के प्राणी जगत को संरक्षण देते हैं। जब किसी जगह की वनस्पति बदल जाती है तो वहाँ के रहने वाले जीव-जंतुओं को प्रभावित करती है और उनकी भी संख्या तथा किस्म बदल जाती है। किसी भी जगह के पेड़-पौधें तथा जीव-जंतु अपने भौतिक वातावरण से अंतरसंबंधित होते हैं तथा एक दूसरे से भी संबंधित होते हैं।
           अतः यह तीनों आपस में मिलकर एक पारिस्थितिक तंत्र का निर्माण करते हैं। मनुष्य भी इस पारिस्थितिकी तंत्र का एक अभिन्न अंग है। मनुष्य वनों को जब अपने लाभ के लिए काटता है तो वह पारिस्थितिक तंत्र में बदलाव लाता है तथा अपने भौतिक वातावरण की गुणवत्ता में गिरावट लाता है इससे पेड़-पौधों, जड़ी-बूटियों एवं जीव-जंतुओं की कई प्रजातियाँ लुप्त हो गई है या लुप्त होने के कगा पर पहुँच गया है। इस प्रकार हमारे अस्तित्व के लिए वनस्पति जगत एवं प्राणी जगत अति आवश्यक है।
 
मानचित्र कौशल
 
भारत में मानचित्र पर निम्नलिखित को प्रदर्शित करें-
 
(1) भारत के वनस्पति प्रदेश
उत्तर-
(2) भारत के 14 जीव मंडल निचय

उत्तर –


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अध्याय 4 जलवायु

 खण्ड (अ)  अध्याय 4 जलवायु  

बिहार बोर्ड के 9वीं कक्षा का भूगोल विषय का सम्पूर्ण प्रश्नोत्तर

सरल एवं आसान शब्दों में उत्तर देना सीखें



 
अध्याय 4 जलवायु
1. वस्तुननिष्ठ प्रश्नोत्तर
1. जाड़े में तमिलनाडु के तटीय भागों में वर्षा का क्या कारण है?
(क) दक्षिण-पश्चिम मॉनसून
(ख) उत्तर-पूर्वी मॉनसून
(ग) शीतोष्ण कटिबन्धीय चक्रवात
(घ) स्थानीय वायु परिसंचरण
उत्तर- (ख) उत्तर-पूर्वी मॉनसून
2. दक्षिण भारत के सन्दर्भ में कौन-सा तथ्य गलत है?
(क) दैनिक तापांतर कम होता है।
(ख) वार्षिक तापांतर कम होता है।
(ग) तापांतर वर्ष भर कम रहता है।
(घ) विषम जलवायु पायी जाती है।
उत्तर- (ग) तापांतर वर्ष भर कम रहता है।
3. जब सूर्य कर्क रेखा पर सीधा चमकता है, तो उसका क्या प्रभाव होता है?
(क) उत्तरी पश्चिमी भारत में उच्च वायुदाब रहता है।
(ख) उत्तरी पश्चिमी भारत में निम्न वायुदाब रहता है।
(ग) उत्तरी पश्चिमी भारत में तापमान एवं वायुदाब में कोई परिवर्तन नहीं होता है।
(घ) उत्तरी पश्चिमी भारत में मॉनसून लौटने लगता है।
उत्तर- (ख) उत्तरी पश्चिमी भारत में निम्न वायुदाब रहता है।
4. विश्व में सबसे अधिक वर्षा किस स्थान पर होती है?
(क) सिलचर
(ख) चेरापूँजी
(ग) मौसिमराम
(घ) गुवाहाटी
उत्तर- (ग) मौसिमराम
5. मई महीने में पश्चिम बंगाल में चलने वाली धूल भरी आंधी को क्या कहते है?
(क) लू
(ख) व्यापारिक पवन
(ग) काल वैशाखी
(घ) इनमें से कोई नहीं।
उत्तर- (ग) काल वैशाखी
6. भारत में दक्षिण-पश्चिम मॉनसून का आगमन कब होता है?
(क) 1 मई से
(ख) 1 जून से
(ग) 1 जुलाई से
(घ) 1 अगस्त से
उत्तर- (ख) 1 जुलाई से
7. जाड़े में सबसे ज्यादा ठंडा कहाँ पड़ता है?
(क) गुलमर्ग
(ख) पहलगाँव
(ग) खिलनमर्ग
(घ) जम्मू
उत्तर- (ग) खिलनमर्ग
8. उत्तर -पश्चिमी भारत में शीतकालीन वर्षा का क्या कारण है?
(क) ऊत्तर-पूर्वी मॉनसून
(ख) दक्षिण-पश्चिम मॉनसून
(ग) पश्चिमी विक्षोभ
(घ) उष्ण कटिबंधीय चक्रवात
उत्तर- (ग) पश्चिमी विक्षोभ
9. ग्रीष्म ऋतु का कौन स्थानीय तूफान है जो कहवा की खेती के लिए उपयोगी होती है?
(क) आम्र वर्षा
(ख) फूलों वाली बौछार
(ग) काल वैशाखी
(घ) लू
उत्तर- (ख) फूलों वाली बौछार
2. कोष्टक में से सही शब्द चुनकर रिक्त स्थानों को भरें।
(क) जनवरी में चेन्नई का तापमान कोलकाता से अधिक रहता है।
(ख) उत्तर भारत में वर्षा पूरब की अपेक्षा पश्चिम की ओर अधिक होती है।
(ग) मानसून शब्द का प्रयोग सर्वप्रथम अरब के नागरिकों ने किया था।
(घ) पश्चिम घाट पहाड़ के पश्चिमी भाग में अधिक वर्षा होती है।
(ड़) पर्वत का पवन विमुख भाग वृष्टि छाया का प्रदेश होता है।
3. निम्नलिखित के भौगोलिक कारण बताइए-
(क) पश्चिमी राजस्थान एक मरुस्थल है।
उत्तर- पश्चिमी राजस्थान एक मरुस्थल है जिसके मुख्य कारण है –
◆ अरावली पर्वत की दिशा पवनों के समानांतर होना, और
◆ पाकिस्तान से आने वाली गर्म एवं शुष्क हवाएँ न केवल अरब सागर की मानसूनी पवनों को ऊपर उठने से रोकती है, बल्कि नमी को भी कम कर देती है। इससे इन हवाओं की वर्षा करने की शक्ति और भी कम हो जाती है।
(ख) तमिलनाडु में जाड़े में वर्षा होती है।
उत्तर – तमिलनाडु में लौटती मानसून तथा उत्तरी पूर्वी मानसून से जाड़े में वर्षा होती है। जनवरी-फरवरी में उत्तरी पूर्वी शुष्क हवाएँ बंगाल की खाड़ी से गुजरती हुई जलवाष्प ग्रहण कर भारत के दक्षिण पूर्वी भाग में (तमिलनाडु) वर्षा करती है। इस वर्षा से वहाँ जाड़ें में चावल की कृषि होती है।
(ग) भारतीय कृषि मॉनसून के साथ जुआ है।
उत्तर –  भारतीय मानसून कभी पहले और कभी देर से आती है। कभी अतिवृष्टि एवं कभी अनावृष्टि लाती है। फलत: फसलें प्रभावित होती है तथा बाढ़ एवं सूखा जैसी आपदाएँ लाती है। यही कारण है कि भारतीय कृषि मानसून के साथ जुआ है।
(घ) मौसिनराम में विश्व की सर्वाधिक वर्षा होती है।
उत्तर – मौसिनराम में विश्व की सर्वाधिक वर्षा (1140सेमी०) होती है क्योंकि यहाँ गारो, खासी, जयंतिया पहाड़ियाँ कीपनुमा आकृति में फैली है एवं समुद्र की ओर से खुली हुई है। अतः बंगाल की खाड़ी से आने वाली हवाएँ अधिक वर्षा लाती है। 
(ड़) ऊटी में सालोभर तापमान काफी नीचे रहता है।
उत्तर – चूँकि हम जानते है कि जैसे-जैसे समुद्र तल से धरातल की ऊँचाई बढ़ती जाती है, वायुमंडल विरल होता जाता है तथा तापमान घटता जाता है। यही कारण है कि निम्न अक्षांश में स्थित उटकमंड अर्थात ऊटी (तमिलनाडु) में तापमान काफी कम रहता है। इसीलिए यहाँ गर्मी में काफी संख्या में पर्यटक भी आते हैं।
लघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर 
4. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दें।
(क) जाड़े के दिनों में भारत में कहाँ-कहाँ वर्षा होती है?
उत्तर – जाड़े के दिनों में भारत में दो क्षेत्रों में वर्षा होती है- एक उत्तरी-पश्चिमी भाग (राजस्थान, पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश तथा बिहार) तथा दूसरा दक्षिण-पूर्वी तटीय भाग में (तमिलनाडु कथा केरल)।
              उत्तर-पश्चिम भारत में चक्रवातीय वर्षा होती है जो दिसंबर से मार्च तक पूर्वी भूमध्य सागर से इराक, ईरान तथा पाकिस्तान के रास्ते भारत पहुँचती है। यह वर्ष मात्र 3 से 6 सेंटीमीटर ही होती है। पर रबी फसलों के लिए काफी लाभदायक होती है। जनवरी-फरवरी में उत्तरी पूर्वी शुष्क हवाएँ बंगाल की खाड़ी से गुजरती हुई जलवाष्प ग्रहण कर भारत के दक्षिण पूर्वी भाग में (तमिलनाडु) वर्षा करती है। इस वर्षा से वहाँ जाड़ें में चावल की कृषि होती है।
(ख) फेरेल का क्या नियम है?
उत्तर – फेरेल के नियम के अनुसार उत्तरी गोलार्ध में चलने वाली पवन दाहिनी ओर एवं दक्षिणी गोलार्ध में चलने वाली पवन बायीं ओर मुड़ जाती है। ऐसा विषुवत रेखा पर घूर्णन की गति तेज एवं ध्रुवों पर धीमी होने के कारण होता है।
(ग) जेट स्ट्रीम क्या है?
उत्तर – क्षोभ मंडल की ऊपरी परतों में अर्थात क्षोभ सीमा के समीप पश्चिम से पूर्व की ओर अत्यंत तीव्र गति से चलने वाली पवन धाराओं को जेट स्ट्रीम कहा जाता है। यह पवन धाराएँ 6000 से 12000 मीटर की ऊँचाई के बीच दोनों ही गोलार्द्धों के चारों ओर वर्ष भर निरंतर प्रवाहित होती रहती है।
             भारतीय मानसून की उत्पत्ति पर उष्ण पूर्वी जेट एवं उपोष्ण जेट का प्रभाव पड़ता है।
(घ) भारतीय मॉनसून की तीन प्रमुख विशेषताएँ बताइए।
उत्तर – भारतीय मॉनसून की तीन प्रमुख विशेषताएँ निम्नलिखित है –
(i) मानसून वर्षा भू-आकृति द्वारा नियंत्रित होती है।
(ii) भारत की कृषि प्रधान अर्थव्यवस्था में मानसून का महत्वपूर्ण योगदान है।
(iii) मानसून कभी पहले और कभी देर से आती है। कभी अतिवृष्टि एवं कभी अनावृष्टि लाती है। फलत: फसलें प्रभावित होती है तथा बाढ़ एवं सूखा जैसी आपदाएँ लाती है।
(ड़) लू से आप क्या समझते हैं?
उत्तर – ग्रीष्म ऋतु में उत्तर व उत्तर-पश्चिमी भारत में चलने वाले प्रबल गर्म हवाओं को लू कहा जाता है। 
(च) मॉनसून का विस्फोट क्या ह ?
उत्तर – जून के प्रारंभ में जब संपूर्ण उत्तरी भारत में अत्यधिक निम्न वायुदाब का क्षेत्र उपस्थित होता है। तब हिंद महासागर की ओर से दक्षिणी-पश्चिमी मानसून द्वारा अचानक तेज गरज एवं चमक के साथ होने वाली वर्षा मानसून का विस्टफोट या फटना कहलाता है।
(छ) भारत के अत्यधिक गर्म एवं ठंडे क्षेत्रों के नाम बताइए।
उत्तर – भारत का सबसे गर्म स्थान राजस्थान स्थित गंगानगर (55℃) एवं सबसे ठंडे स्थान कश्मीर के द्रास (-45℃) है।
दीर्घ उत्तरीय प्रश्नोत्तर
(क) भारत की मॉनसूनी जलवायु के क्षेत्रीय विभिन्नताओं को सोदाहरण समझाइए।
उत्तर – भारत के विभिन्न भागों में मानसूनी वर्षा की मात्रा में काफी अंतर पाया जाता है एक ओर जहाँ मासिनराम जैसे स्थान पर 1141 सें०मी० वर्षा होती है तो वहीं दूसरी ओर थार एवं लद्दाख के मरुस्थल में वर्षा की मात्रा मात्र 25 सेंटीमीटर से भी कम होती है। अधिक वर्षा के क्षेत्रों में विभिन्नता कम एवं कम वर्षा के क्षेत्रों में विभिन्नता और अधिक पाई जाती है। 
                     ऐसा पाया गया है कि 10 वर्षों में केवल दो वर्ष ही मानसून समय पर आकर समय पर समाप्त होता है। मानसूनी वर्षा भी निरंतर नहीं होती बल्कि इसमें अंतराल पाया जाता है। अगस्त के महीने में यह अंतराल काफी लंबा हो जाता है। यूं तो मानसून की अवधि 4 महीने है परंतु इन 4 महीनों में वास्तविक वर्षा के दिन 40 से 45 के बीच होते हैं। भारत का अधिकांश भाग कुल वर्ष का 80% इसी समय प्राप्त करता है। वर्षा इतनी मूसलाधार होती है कि अक्सर कहा जाता है कि मानसूनी वर्षा में बादल जल बरसाते नहीं बल्कि उड़ेलते हैं।   जिन भागों में मानसून सबसे पहले आता है वहाँ वह सबसे अधिक समय तक रहता है एवं जहाँ देर से पहुँचता है वहाँ से जल्दी लौट जाता है। केरल में मानसून की अवधि 5 जून से 30 नवंबर है, जबकि पंजाब के मैदान में यही अवधि 1 जुलाई से 30 सितंबर है।
                     इस प्रकार कहा जा सकता है कि भारत की मानसूनी जलवायु में क्षेत्रीय विभिन्नता अत्यधिक पाई जाती है।
(ख) भारत में कितनी ऋतुएँ में पाई जाती है ? किसी एक का भौगोलिक विवरण दीजिए ।
उत्तर – भौगोलिक दृष्टि से तथा मौसम विभाग के अनुसार भारत में मुख्यत: निम्नलिखित चार ऋतुएँ ही है –
(i) शीत ऋतु – मध्य नवंबर से मध्य मार्च तक।
(ii) ग्रीष्म ऋतु – मध्य मार्च से मध्य जून तक।
(iii) वर्षा ऋतु – मध्य जून से मध्य सितंबर तक तथा
(iv) लौटती मानसून ऋतु – मध्य सितंबर से 30 नवंबर तक।
(ii) ग्रीष्म ऋतु – जैसे-जैसे सूर्य की किरणें उत्तर की ओर लम्बवत होते जाती है, भारत में गर्मी बढ़ती जाती है। जून तक सूर्य कर्क रेखा के ऊपर लंबवत हो जाती है जिससे भारत में प्रचंड गर्मी पड़ने लगती है। दक्षिण भारत के पठारों की ऊँचाई तथा समुद्र की निकटता के कारण तापमान कम रहता है किंतु उत्तर भारत में औसत तापमान मई में 38℃ से अधिक रहता है। दिन का तापमान तो 40℃ तक चला जाता है। हवा अत्यंत शुष्क हो जाती है। आकाश में बादलों का नामोनिशान नहीं रहता वनस्पति, तलाब, कुआँ आदी सूख जाते हैं। दक्षिणी भारत की अधिकतर नदियाँ जल की एक रेखा मात्र रह जाती है। सामान्यत: उत्तर भारत, दक्षिण भारत की अपेक्षा जाड़ें में ज्यादा ठंडा तथा गर्मी में ज्यादा गर्म रहता है। तिरुअनंतपुरम का वार्षिक तापांतर केवल 2.8℃ है।जबकि दिल्ली का तपांतर 30℃ हो जाता है।
              भारत के दक्षिण पश्चिम तटीय भाग में हवा अरब सागर की ओर से आती है जिससे वर्षा होती है किंतु देश के अन्य भागों का मौसम शुष्क रहता है। इस समय उत्तर भारत में चलने वाली पछुआ हवा अत्यंत गर्म एवं शुष्क होती है। जिसे ‘लू’ कहते हैं। इसी समय बिहार एवं पश्चिम बंगाल के आस-पास धूल भरी आँधी चलती है। पश्चिम बंगाल में इसे नॉर्वेस्टर या काल बैसाखी कहा जाता है। यह प्रायः शाम के 3:00 बजे के आस-पास आती है तथा थोड़ी वर्षा भी करती है। इस वर्षा से असम के चाय की फसल को काफी लाभ मिलता है। इससे आम की फसल को काफी नुकसान पहुँचता है। अतः इन आँधियों को कर्नाटक में “आम की बौछार” भी कहा जाता है। 
(ग) भारत की जलवायु के मुख्य कारकों को स्पष्ट कीजिए।
उत्तर – भारत की जलवायु को नियंत्रित करने वाले कारकों के लिए एक शब्द LANDFORMS का प्रयोग किया जाता है। यह जलवायु को प्रभावित करते हैं –
L -Latitude (अक्षांश)
A -Altitude (ऊँचाई)
N -Nearness From Sea-(समुद्र से निकटता)
D – Direction of wind (पवन की दिशा)
F -Forest (वन)
O -Ocean Current (सामुद्रिक जलधारा)
R – Rainfall (वर्षा)
M -Mountain(पहाड़/पर्वत)
S -Soil(मिट्टी)
           
          सौर किरणों के सीधा या तिरछा होने पर सौर ऊर्जा की मात्रा में अंतर हो जाता है। सूर्य की किरणें निम्न अक्षांशों ऊपर सीधी तथा उच्च अक्षांशों पर  तिरछी पड़ती है। यही कारण है कि वविषुवत रेखा से ध्रुवों की ओर बढ़ने पर तापमान घटता जाता है। जैसे-जैसे समुद्र तल से धरातल की ऊँचाई बढ़ती जाती है, वायुमंडल विरल होता जाता है तथा तापमान घटता जाता है। यही कारण है कि निम्न अक्षांश में स्थित उटकमंड अर्थात ऊटी (तमिलनाडु) में तापमान काफी कम रहता है और गर्मी में काफी संख्या में पर्यटक यहाँ आते हैं। कहीं भी तापमान बढ़ने पर वायुदाब घटता है तथा तापमान घटने पर वायुदाब बढ़ता है।
     
            पवन उच्च वायुदाब से निम्न वायुदाब की ओर बहने लगते हैं। ऐसे में यदि जल भाग से पवन आते हैं तो उसमें पर्याप्त नमी होती है जिससे वर्षा होती है किंतु स्थल भाग से आने वाले पवन शुष्क होते हैं। जलवायु को समुद्र निश्चित रूप से प्रभावित करता है। जल देर से गर्म एवं देर से ठंडा होता है। अतः समुद्र तटीय भाग जाड़ें में ज्यादा ठंडी नहीं होता और गर्मी में ज्यादा गर्म भी नहीं होता। किंतु स्थल भाग जल्द गर्म एवं जल्द ठंडा हो जाता है। अतः महाद्वीप का मध्य भाग जाड़ें में अति ठंडा तथा गर्मी में अति गर्म हो जाता है। 
             समुद्र के नजदीक वाले भूभाग में सम तथा समुद्र से दूर के भू-भाग विषम जलवायु पायी जाती है। गर्म या ठंडी सामुद्रिक जलधाराएँ जिस तरह से गुजरती है उसे प्रभावित करती है। ऊँचे पर्वत वाष्पयुक्त पवन को रोककर कराता है जिससे पौनोभिमुख भाग में मूसलाधार पर्वतीय वर्षा होती है पर पर्वत के पीछे वाला पवनोविमुख भाग वर्षा से बंचित रह जाता है जिसे वृष्टि छाया प्रदेश का कहा जाता है। वन बादल को आकर्षित करता है तथा सूर्य के प्रखर किरणों से बचाता है। मिट्टी के प्रकार भी तापमान को प्रभावित करते हैं। बलुई या कांकड़ीली मिट्टी जल्द गर्म होकर तापमान में वृद्धि करते हैं पर चिकनी या जलोढ़ मिट्टी जल्द गर्भ नहीं होता है।
(घ) जेट धाराएँ क्या है तथा भारतीय जलवायु पर उसका क्या प्रभाव पड़ता है?
उत्तर – जेट धाराएँ एक संकरी पट्टी में स्थित एवं क्षोभमंडल में अत्यधिक ऊँचाई (12000 मीटर से अधिक) वाले पश्चिमी हवाएँ होती है। इनकी गति गर्मी में 110 कि०मी० प्रति घंटा एवं सर्दी में 184 कि०मी० प्रति घंटा होती है। बहुत सी अलग-अलग जीत धाराओं को पहचाना गया है। उनमें सबसे स्थिर मध्य अक्षांशीय एवं उपोष्ण कटिबंधीय जेट धाराएँ हैं।
        जेट धाराएँ लगभग 27° से 30° उत्तरी अक्षांश के बीच स्थित होती है, इसलिए इन्हें उपोष्ण कटिबंधीय पश्चिमी जेट धाराएँ कहा जाता है। भारत में ये जेट धाराएँ ग्रीष्म ऋतु को छोड़कर पूरे वर्ष हिमालय के दक्षिण में प्रवाहित होती है। इस पश्चिमी प्रवाह के द्वारा देश के उत्तर एवं उत्तर-पश्चिमी भाग में पश्चिमी चक्रवाती वीक्षोभ आते हैं। गर्मियों में सूर्य की आभासी गति के साथ ही उपोष्ण कटिबंधीय पश्चिमी जेट धारा हिमालय के उत्तर में चली जाती है। एक पूर्वी जेट धारा जिसे उपोष्ण कटिबंधीय पूर्वी जेट धारा कहा जाता है गर्मी के महीनों में प्रायद्वीपीय भारत के ऊपर लगभग 14° उत्तरी अक्षांश में प्रवाहित होती है।
(ड़) भारत में होने वाली मानसूनी वर्षा एवं उसकी विशेषताओं को स्पष्ट कीजिए।
उत्तर- अरबी शब्द मौसिम (ऋतु) से मॉनसून शब्द की उत्पति हुई है। इस शब्द का उपयोग सर्प्रथम अरब के नाविक अरब सागर में चलने वाली उन हवाओं के लिए किया करते थे जो ऋतु के बदलते ही अपनी दिशा भी लेते थे। भारत में बोल-चाल की भाषा में मानसून का अर्थ वर्षा से है। अच्छा मानसून का अर्थ अच्छी वर्षा से है। भारत में इन हवाओं की दिशा 6 माह दक्षिण-पश्चिम और 6 माह उत्तर-पूरब रहती है। अतः इन्हें क्रमशः दक्षिण-पश्चिम मॉनसून तथा उत्तर-पूर्व मानसून कहा जाता है। भारतीय मानसून की विशेषताएँ निम्नलिखित है-
◆ दक्षिण-पश्चिम मानसून की वर्षा मौसमी है जो जून से सितंबर तक होती है।
समुद्र से दूरी बढ़ने पर वर्षा की मात्रा घटती हैं। कोलकाता में 162.5 सेमी०, पटना में 135 सेमी० इलाहाबाद में 100 सेमी० तथा दिल्ली में केवल 67 सेमी० वर्षा होती है।
◆ मानसून वर्षा भू-आकृति द्वारा नियंत्रित होती है।
◆ गर्मी में वर्षा मूसलाधार होती है जिससे पानी का बहाव बढ़ जाता है और मृदा अपरदन की गति तेज हो जाती है। कई क्षेत्र बाढ़ के चपेट में आ जाते हैं।
◆ भारत की कृषि प्रधान अर्थव्यवस्था में मानसून का महत्वपूर्ण योगदान है।
◆ मानसूनी वर्षा का भारत में वितरण अससमान है जो औसत 12 सेमी० से 1180 सेमी० के बीच पाया जाता है। 
 मानसून कभी पहले और कभी देर से आती है। कभी अतिवृष्टि एवं कभी अनावृष्टि लाती है। फलत: फसलें प्रभावित होती है तथा बाढ़ एवं सूखा जैसी आपदाएँ लाती है।
(च) एल नीनो एवं ला निना में अंतर स्पष्ट कीजिए।
उत्तर – एल नीनो-
           एल नीनो स्पेनिश शब्द है जिसका अर्थ शिशु(Child) है। वास्तव में एल नीनो एक गर्म जलधारा है जो दक्षिण अमेरिका के पेरू एवं इक्वाडोर देशों के प्रशांत तटीय भाग में 3 से 7 वर्ष के अंतराल पर उत्पन्न होती है। इस गर्म जलधारा के कारण जल का तापमान अचानक 5℃ से 10℃ तक बढ़ जाता है। यह जलधारा पूर्वी द्वीप समूह क्षेत्र में पहुँचती है तो वहाँ निम्न वायुदाब का क्षेत्र बन जाता है। इसके कारण दक्षिण-पश्चिम मानसून पवन का कुछ अंश इस निम्न दाब की ओर आकर्षित हो जाता है। परिणामस्वरूप उत्तरी भारत में सामान्य से कम वर्षा होती है तथा सूखे की समस्या उत्पन्न हो जाती है। 1987 का सूखा एल नीनो के कारण ही पड़ा था। ऐसा मौसम वैज्ञानिकों का कहना है दूसरी ओर जिस वर्ष यह गर्म जलधारा प्रकट नहीं होती उस वर्ष भारत में मानसून सामान्य रहता है तथा अच्छी वर्षा होती है और कभी-कभी बाढ़ उत्पन्न हो जाता है। एल नीनो के अध्ययन से मानसून का पूर्वानुमान लगाया जा सकता है।
ला निना
        इसकी उत्पत्ति भी कभी-कभी पेरू तट पर होती है। यह ठंडी जलधारा भी पूर्वी द्वीप समूह क्षेत्र में पहुँचकर वायुदाब को बढ़ा देती है। इस उच्च वायुदाब से चारों ओर आर्द्र हवाएँ चलती है। इसकी कुछ मात्रा भारत पहुँचकर दक्षिण-पश्चिम मानसून हवा में जल की मात्रा बढ़ा देती है जिससे सामान्य से अधिक वर्षा होती है। जिसके कारण अनेक भागों में बाढ़ की समस्या उत्पन्न हो जाती है। इसके कारण आस्ट्रेलिया, दक्षिण पूर्व एशिया तथा चीन में भी भारी वर्षा होती है।
नोट :- जलवायु को नियंत्रित करने वाले कारकों के लिए एक शब्द LANDFORMS का प्रयोग किया जाता है। यह जलवायु को प्रभावित कते हैं-
L -Latitude (अक्षांश)
A -Altitude (ऊँचाई)
N -Nearness From Sea-(समुद्र से निकटता)
D – Direction of wind (पवन की दिशा)
F -Forest (वन)
O -Ocean Current (सामुद्रिक जलधारा)
R – Rainfall (वर्षा)
M -Mountain(पहाड़/पर्वत)
S -Soil(मिट्टी)
6. मानचित्र कला
पूर्ण पृष्ठ पर भारत का मानचित्र बनाकर निम्नलिखित को दर्शाइए –
(क) 400 से.मी. से अधिक वर्षा का क्षेत्र।
उत्तर –
(ख) 200 से.मी. से कम वर्षा का क्षेत्र।
उत्तर – 
(ग) भारत में दक्षिण-पश्चिमी मॉनसून की दिशा।
उत्तर – 
(घ) शीतकालीन वर्षा वाले क्षेत्र।
उत्तर –
(ड़) चेरापूँजी, मौसिमराम, जोधपुर, मंगलोर, उंटी, नैनीताल।

उत्तर-


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वस्तुननिष्ठ प्रश्नोत्तर

1. लक्ष्मीसागर झील किस राज्य में स्थित है?
(क) मध्यप्रदेश
(ख) उत्तर प्रदेश
(ग) बिहार
(घ) झारखंड
उत्तर – (ग) बिहार 
2. निम्न में से कौन लवणीय झील है?
(क) वूलर
(ख) डल
(ग) सांभर
(घ) गोविंदसगर
उत्तर – (ग) सांभर
3. गंगा नदी पर गांधी सेतु किस शहर के निकट अवस्थित है?
(क) भागलपुर
(ख) कटिहार
(ग) पटना
(घ) गया
उत्तर – (ग) पटना
4. कौन-सी नदी भ्रंश घाटी से होकर बहती है?
(क) महानदी
(ख) कृष्णा
(ग) तापी
(घ) तुंगभद्रा
उत्तर – (ग) तापी
5. कौन-सी नदी प्रायद्वीपीय भारत की सबसे लंबी नदी है?
(क) नर्मदा
(ख) गोदावरी
(ग) कृष्णा
(घ) महानदी
उत्तर – (ख) गोदावरी
6. सिंधु जल समझौता कब हुआ था?
(क) 1950
(ख) 1955
(ग) 1960
(घ) 1965
उत्तर – (ग) 1960
7. शांग-पो किस नदी का उपनाम है?
(क) गंगा
(ख) ब्रह्मपुत्र
(ग) सतलज
(घ) गोदावरी
उत्तर – (ख) ब्रह्मपुत्र
8. इनमें से गर्म जल का जल प्रपात कौन है?
(क) ककोलत
(ख) गरसोप्पा
(ग) ब्रह्मकुंड
(घ) शिवसमुद्रम
उत्तर – (ग) ब्रह्मकुंड 
9. कोसी नदी का उदगम स्थल है?
(क) गंगोत्री
(ख) मानसरोवर
(ग) गोसाईधाम
(घ) सतपुड़ा श्रेणी
उत्तर – (ग) गोसाईधाम
लघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर 
1. जल विभाजक का क्या कार्य है ? एक उदाहरण दीजिए।
उत्तर – दो दिशाओं में नदियों के प्रवाह को अलग करने वाले उच्च पर्वतीय/पठारी क्षेत्र को जल विभाजक कहा जाता है। अर्थात इसका मुख्य कार्य दो अपवाह बेसिनों को अलग करना है। सिंधु एवं गंगा नदी के मध्य अरावली के उच्च भूमि जल विभाजक का एक उदाहरण है। अरावली नगर गंगा एवं सिंधु के जल विभाजक पर बसा हुआ है। अरावली से सुंदरबन तक मैदान की लंबाई 1800 कि.मी. है। इसकी ढाल 1मीटर/प्रति6 कि.मी. की दर से सुंदरवन की तरफ घटता जाता है।
2.  भारत में सबसे विशाल नदी द्रोणी कौन सी है?
उत्तर – भारत में सबसे विशाल गंगा नदी द्रोणी  है। इसकी कुल लंबाई 2525 किलोमीटर है। 
3. सिंधु एवं गंगा नदियाँ कहाँ से निकलती है?
उत्तर – सिंधु नदी तिब्बत के समीप मानसरोवर झील से निकलकर दक्षिण-पश्चिम की ओर बहती हुई भारत में जम्मू कश्मीर के लद्दाख जिले में प्रवेश करती है। 
             गंगा नदी की मुख्यधारा भागीरथी की उत्पत्ति हिमालय स्थित गंगोत्री हिमानी के गोमुख से हुआ है। अलकनंदा उत्तराखंड स्थित देवप्रयाग में भागीरथी से मिल जाती है तथा गंगा नदी के नाम से प्रवाहित होती है। 
3. गंगा की दो प्रारंभिक धाराओं के नाम लिखिए? ये कहाँ पर एक-दूसरे से मिलकर गंगा नदी का निर्माण करती है?
उत्तर – गंगा नदी की पहली प्रारंभिक धारा भागीरथी तथा दूसरी प्रारम्भिक धारा अलकनंदा है। भागीरथी देवप्रयाग(उत्तराखंड) में अलकनंदा से मिलकर गंगा नदी का निर्माण करती है। 
5. लंबी धारा होने के बावजूद तिब्बत के क्षेत्रों में ब्रह्मपुत्र में कम गाद(शिल्ट) क्यों है?
उत्तर- लंबी धारा होने के बावजूद तिब्बत के क्षेत्रों में ब्रह्मपुत्र में कम गाद(सिल्ट) होती है क्योंकि ब्रह्मपुत्र का उद्गम क्षेत्र तिब्बत एक सीत एवं शुष्क क्षेत्र है जहाँ नदी के जल में सिल्ट की मात्रा नगन्य होती है।
6. कौन सी दो प्रायद्वीपीय नदियाँ धसान घाटी से होकर बहती है ? समुद्र में प्रवेश करने के पहले वे किस प्रकार की आकृतियों का निर्माण करती है ?
उत्तर- प्रायद्वीपीय भारत की दो नदियाँ नर्मदा और तापी धसान घाटी से होकर बहती है। समुद्र में प्रवेश करने से पहले ये दोनों नदियाँ  मुहाने पर ज्वारनदमुख का निर्माण करती है।
 
दीर्घ उत्तरीय प्रश्नोत्तर
1. हिमालय तथा प्रायद्वीपीय भारत की नदियों की मुख्य विशेषताओं का वर्णन कीजिए।
उत्तर – हिमालय की नदियों की मुख्य विशेषताएँ- हिमालय की अधिकांश नदियाँ बारहमासी अथवा स्थायी है। इन्हें वर्षा के जल के अतिरिक्त पर्वत की चोटियों पर जमें हिम के पिघलने से सालोंभर जलापूर्ति होती रहती है। सिंधु एवं ब्रह्मपुत्र जैसी भारत की प्रमुख नदियाँ हिमालय से निकलती है। इन नदियों ने प्रवाह के क्रम में पर्वतों को काटकर गॉर्ज का निर्माण किया है।
प्रायद्वीपीय भारत की नदियों की मुख्य विशेषताएँ- यहाँ के अधिकांश नदियाँ मौसमी है जिसका स्रोत वर्षा जल का है। ग्रीष्म ऋतु एवं शुष्क मौसम में जब वर्षा नहीं होती यहाँ की बड़ी-बड़ी नदियों का जलस्तर घटकर छोटी-छोटी धाराओं या नलिकाओं में परिणत हो जाता है। इनमें से कुछ नदियाँ पठारी भाग तथा पश्चिमी घाट पर्वत से निकलकर पश्चिम की ओर बहती हुई अरब सागर में गिरती है। किंतु, प्रायद्वीपीय भारत के अधिकांश नदियाँ पश्चिमी घाट से निकलकर बंगाल की खाड़ी में गिरती है। यह नदियाँ छिछली और कम लंबी है। यह नदियाँ अनेक जगहों पर जलप्रपात का निर्माण करती है। बंगाल की खाड़ी में गिरने वाली नदियों द्वारा डेल्टा और अरब सागर में गिरने वाली नदियों द्वारा ज्वारनदमुख(एश्चुअरी) का निर्माण होता है। 
2.  प्रायद्वीपीयपठार के पूर्व एवं पश्चिम की ओर प्रवाहित होने वाली नदियों की तुलना कीजिए।
उत्तर- प्रायद्वीपीयपठार के पूर्व एवं पश्चिम की ओर प्रवाहित होने वाली नदियों की तुलना इस प्रकार है-
(i) प्रायद्वीपीय पठार के पूर्व की ओर बहने वाली नदियों में मुख्यतः महानदी, गोदावरी, कृष्णा एवं कावेरी है जबकि पश्चिम की ओर बहने वाली नदियों में मुख्यतः नर्मदा एवं ताप्ती है।
(ii) पूर्व की ओर बहने वाली सभी नदियाँ बंगाल की खाड़ी में गिरती है जबकि पश्चिम की ओर बहने वाली सभी नदियाँ अरब सागर में गिरती है।
(iii) बंगाल की खाड़ी में गिरने वाली सभी नदियाँ डेल्टा का निर्माण करती हैं जबकि अरब सागर में गिरने वाली नदियाँ ज्वारनदमुख/एस्चुयरी का निर्माण करती हैं।
(iv) पूर्व की ओर बहने वाली नदियों के मुहाने के निकट नदियों के गति धीमी रहती है जबकि पश्चिम की ओर बहने वाली नदियों के मुहाने के निकट नदियों की गति तीव्र होती है।
3. भारत की अर्थव्यवस्था में नदियों के महत्व पर प्रकाश डालिए।
उत्तर- नदी अपवाह क्षेत्र मानवीय सभ्यता एवं संस्कृति की जननी है। भारत के आर्थिक विकास में नदियों का स्थान महत्वपूर्ण रहा है। नदियाँ आदिकाल से ही मानव जीवन गतिविधियों का साधन रहा है। नदियाँ विभिन्न सभ्यताओं और संस्कृतियों की जन्मस्थली के साथ मानव सभ्यता का पालना भी है। नदियों के जलप्रपात जल विद्युत शक्ति उत्पादन केंद्र के साथ-साथ पर्यटन के आकर्षक केंद्र भी है। प्राचीन काल में सड़क एवं वायुमार्ग के साधन के अभाव में यह परिवहन का सर्वाधिक उपयुक्त साधन था। आज यहाँ राष्ट्रीय जलमार्ग का भी विकास हो रहा है। सामरिक दृष्टि से भी नदियाँ आज उपयोगी हो गई है।
          नदियों के प्रभाव की वजह से ही कृषि भूमि आज 40% भूभाग जलोढ़ मिट्टी से ढंका हुआ है। जो नदी घाटी डेल्टा और तटीय प्रदेशों में फैले हुए हैं। गंगा, सिंधु, गंगा-ब्रह्मपुत्र के डेल्टा एवं मैदानी क्षेत्र में जलोढ़ की प्रचुरता है। उत्तर बिहार में कोसी, बागमती और गंडक आदि नदियाँ प्रतिवर्ष बड़ी मात्रा में जलोढ़ का निक्षेप करती है जिससे मिट्टी की उर्वरता बनी हुई है। 
4. भारत में झीलों के प्रकार का वर्णन उदाहरण सहित कीजिए।
उत्तर- निर्माण की दृष्टि से झीलों के निम्नांकित प्रकार है-
(i) धँसान घाटी झील- धँसान घाटी में जब जलजमाव होता है तब इस प्रकार का झील बन जाता है। अफ्रीका में इस प्रकार की झील की संख्या अधिक है। विक्टोरिया, रुडोल्फ, न्यासा इसके उदाहरण है। भारत में तिलैया बांध द्वारा धँसान घाटी में कृत्रिम झील बनाया गया है।
(ii) गोखुर झील- नदियों में जब अवसाद की मात्रा बढ़ जाती है या भूमि की ढाल कम हो जाती है तब उसके मार्ग में भी विसर्पण पैदा होने लगता है। अंततः विसर्पित भाग कटकर मुख्यधारा से अलग हो जाती है, जिसका आकार गाय के ‘खुर’ के समान होता है । इसे गोखुर या परित्यक्त झील भी कहा जाता है। उत्तरी बिहार में इस प्रकार के झील पाए जाते हैं । बेतिया का सरैयामान या बेगूसराय का कांवर झील इसके उदाहरण है।
(iii) क्रेटर झील- जब ज्वालामुखी के क्रेटर से राख और लावा का आना बंद हो जाता है तब क्रेटर में वर्षा का जल जमा होकर झील में परिणत हो जाता है। बोलिविया का टिटीकाका और टर्की का बॉन झील इसके उदाहरण है । भारत में लोनार झील इसी प्रकार से निर्मित हुआ है।
(iv) लैगून झील- स्पिट तथा रोधिका के द्वारा समुद्र तटीय प्रदेशों में जब समुद्री जल समुद्र से अलग कर लिए जाते हैं तब ऐसे झील लैगून कहलाते हैं । लैगून का उदाहरण भारत स्थित  चिल्का झील एवं पुलिकट झील है।
(v) अवरोधक झील- कभी-कभी पर्वतीय प्रदेशों में भूस्खलन के कारण चट्टानें गिरकर नदियों के प्रवाह को रोक देते हैं तो इससे भी झील बन जाते हैं इसे अवरोधक झील कहते हैं।
(vi) हिमानी झील- हिमालय क्षेत्र में हिमालय द्वारा निर्मित झीलों में नैनीताल, भीमताल, सातताल, आदि सुंदर उदाहरण है।

(vii) भूगर्भीय क्रिया से निर्मित झील- जम्मू कश्मीर में वूलर झील मीठे पानी की भारत की सबसे बड़ी झील है। जल विद्युत पैदा करने के लिए नदियों पर बांध लगाए जाने से भी झील का निर्माण हुआ है। जैसे-भाखड़ा-नांगल परियोजना के विकास से गोविंद सागर झील का निर्माण हुआ है। लोकटक एवं बड़यानी जैसे कई मीठे पानी की झील के साथ-साथ राजस्थान का लवण युक्त सांभर झील इसी प्रकार के झील हैं। प्रायः यह देखा गया है कि मरुस्थलीय अथवा अर्द्ध शुष्क क्षेत्रों में झील खारे पानी की झी होते हैं जबकि ठंडे प्रदेशों के तथा पर्वतीय प्रदेशों के झूलों का जल मीठा होता है।


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अध्याय 2 भौतिक स्वरूप एवं उच्चावच

अध्याय 2 भौतिक स्वरूप

वस्तुनिष्ठ प्रश्नोत्तर

1. निम्नलिखित में से कौन-सी चोटी भारत में स्थित नहीं है?
(क) के2
(ख) कामेट
(ग) माउण्ट एवरेस्ट
(घ) नंदादेवी
उत्तर- (ग) माउण्ट एवरेस्ट
2. बिहार के उत्तर-पश्चिमी किनारे पर हिमालय की कौन-सी श्रेणी है?
(क) महान हिमालय
(ख) शिवालिक
(ग) मध्य हिमालय
(घ) पूर्वी हिमालय
उत्तर- (ख) शिवालिक
3. हिमालय के निर्माण में कौन-सा सिद्धांत सर्वमान्य है?
(क) महाद्वीपीय विस्थापन सिद्धांत
(ख) भूमंडलीय गतिशीलता सिद्धांत
(ग) प्लेट विवर्तनिक सिद्धांत
(घ) इनमें से कोई नहीं
उत्तर- (ग) प्लेट विवर्तनिक सिद्धांत
4. सैडल चोटी की ऊँचाई है।
(क) 515 मी०
(ख) 460 मी०
(ग) 642 मी०
(घ) 738 मी०
उत्तर- (घ) 738 मी०
5. भारत का सबसे प्राचीन भूखंड है?
(क) प्रायद्वीपीय पठार
(ख) विशाल मैदान
(ग) उत्तर का पर्वतीय भाग
(घ) तटीय भाग
उत्तर- (क) प्रायद्वीपीय पठार
लघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर
1. हिमालय के तीन समांतर श्रेणिओं का नाम लिखें। 
उत्तर- हिमालय के तीन समांतर श्रेणिओं का नाम-
(i) महान या आंतरिक हिमालय या हिमाद्रि,
(ii) लघु हिमालय या मध्य हिमालय,
(iii) बाहरी हिमालय या उपहिमालय अथवा शिवालिक
2. काराकोरम के सबसे ऊँचे पर्वत शिखर का क्या नाम है?
उत्तर – काराकोरम के सबसे ऊँचे पर्वत शिखर के2 (माउंट गॉडविन ऑस्टिन) है।
3. कौन सा तटीय मैदान अपेक्षाकृत अधिक चौड़ा है?
उत्तर- पूर्वी तटीय मैदान पश्चिमी तटीय मैदान की अपेक्षा अधिक चौड़ा है। इसकी चौड़ाई 160 से 350 किलोमीटर तक है। यह भाग उत्तर में गंगा के मुहाने से दक्षिण में कन्याकुमारी (केमोरीन) अंतरीप तक फैला है। 
4. तटीय मैदान में स्थित तीन झीलों का नाम लिखें।
उत्तर – तटीय मैदान में स्थित तीन झीलों का नाम- चिल्का झील(उड़ीसा), पुलिकट झील(तमिलनाडु) तथा बेम्बनाड झील (केरल) है।
5. पश्चिमी घाट पर्वत का दूसरा नाम क्या है ?
उत्तर – पश्चिमी घाट पर्वत का दूसरा नाम सह्याद्रि है। 
6. मध्य गंगा के मैदान की चार विशेषताएँ बताएँ।
उत्तर- मध्य गंगा के मैदान की चार विशेषताएँ निम्नलिखित है-
(i) यह मैदान जलोढ़ मिट्टी से बना है।
(ii) यह मैदान कृषि कार्यों के लिए काफी उपयुक्त है।
(iii) यह मैदान समुद्र तल से 240 मीटर तक ऊँचा है। 
(iv) इसका विस्तार उत्तर भारत के उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड के कुछ भाग तथा पश्चिम बंगाल राज्यों में फैला है।
7. हिमालय और प्रायद्वीपीय पर्वतों के दो प्रमुख अंतर बताएँ। 
उत्तर – हिमालय और प्रायद्वीपीय पर्वतों के दो प्रमुख अंतर निम्नलिखित है-
(i) हिमालय पर्वतों की औसत ऊंचाई 6100 मीटर है जबकि प्रायद्वीपीय पठारों की औसत ऊंचाई 600 से 900 मीटर है।
(ii) हिमालय पर्वत अर्धवृत्त(चाप) के रूप में फैला हुआ है जबकि प्रायद्वीपीय पठार त्रिभुजाकार आकृति के रूप में फैला हुआ है।
8. ‘खादर’ तथा ‘बांगर’ किसे कहते हैं?
उत्तर- खादर- नई जलोढ़ मिट्टी को खादर कहा जाता है।
यह काफी उपजाऊ मिट्टी होती है। यहाँ गहन कृषि कार्य किया जाता है।
बांगर- पुरानी जलोढ़ मिट्टी को बांगर कहा जाता है । यह अपेक्षाकृत कम उपजाऊ मिट्टी होती है । इस क्षेत्र की मृदा में चुनेदार निक्षेप पाया जाता है। 
9. पूर्वी घाट तथा पश्चिमी घाट में अंतर बताएँ।
उत्तर- पूर्वी घाट तथा पश्चिमी घाट में निम्नलिखित अंतर  है- 
(i) पूर्वी तटीय मैदान पश्चिमी तटीय मैदान की अपेक्षा अधिक चौड़ा है।
(ii) पूर्वी तटीय मैदान के उत्तरी भाग को गोलकुंडा तट तथा दक्षिणी भाग को कोरोमंडल तट कहते हैं जबकि पश्चिमी तटीय मैदान के उत्तरी भाग को कोंकण तथा दक्षिणी भाग को मालाबार तटीय मैदान कहते हैं।
(iii) पूर्वी तटीय मैदान की औसत चौराई 160 से 350 किलोमीटर तक है जबकि पश्चिमी तटीय मैदान की औसत चौड़ाई 10.60 किलोमीटर के मध्य है।
(iv) पूर्वी तटीय मैदान उत्तर में गंगा के मुहाने से दक्षिण में कन्याकुमारी अंतरीप तक फैला है जबकि पश्चिमी तटीय मैदान उत्तर में खंभात की खाड़ी से लेकर दक्षिण में कन्याकुमारी अंतरिप तक फैला है।
(v) पूर्वी तटीय मैदान की सभी नदियाँ मुहाने पर डेल्टा का निर्माण करती है जबकि पश्चिमी तटीय मैदान की सभी नदियाँ  ज्वारनदमुख (एस्चुयरी) का निर्माण करती है।
  
दीर्घ उत्तरीय  प्रश्नोत्तर
1. उत्तर के विशाल मैदान के विशेषताओं को लिखें।
उत्तर- उत्तर के विशाल मैदान के निम्नलिखित विशेषताएँ हैं-
(i) हिमालय पर्वत के दक्षिण और दक्षिणी पठार के उत्तर तीन प्रमुख नदी प्रणालियों (सिंधु, गंगा एवं ब्रह्मपुत्र) और उसकी सहायक नदियों से बना यह विशाल मैदान सिंधु-गंगा-ब्रह्मपुत्र का मैदान कहलाता है।
(ii) यह मैदान जलोढ़ मिट्टी से बना हुआ काफी उपजाऊ है।
(iii) यह भारत का ही नहीं बल्कि विश्व का सबसे अधिक उपजाऊ और सघन जनसंख्या वाला मैदान है।
(iv) यह 700000 वर्ग किलोमीटर से अधिक क्षेत्रफल में फैला हुआ है।
(v) पूरब से पश्चिम इसकी लंबाई लगभग 2400 किलोमीटर है तथा 150 से 500 किलोमीटर चौड़ा है।
(vi) पश्चिमी मैदान का ढाल उत्तर-पूर्व से दक्षिण-पश्चिम और पूर्वी मैदान का ढाल उत्तर-पश्चिम से दक्षिण-पूरब की ओर है।
(vii) इस विशाल मैदान को मोटे तौर पर चार उप-भागों में बाँटा गया है- पश्चिमी मैदान या पंजाब का मैदान, राजस्थान का मैदान, मध्यवर्ती मैदान या गंगा का मैदान तथा ब्रह्मपुत्र का मैदान या पूर्वी मैदान।
2. प्रायद्वीपीय पठार को विभाजित कर किसी एक की चर्चा विस्तार से करें।
उत्तर- प्रायद्वीपीय पठार को मुखयतः दो भागों में विभाजित किया गया है- 
(क) मध्य उच्चभूमि  तथा
(ख) दक्कन का पठार
(क) मध्य उच्चभूमि–   मध्य उच्च भूमि का अधिकांश भाग मालवा का पठार कहलाता है। यह पठारी भाग पूरब में महादेव श्रृंखला और उत्तर-पश्चिम में अरावली और मध्य में विंध्याचल श्रृंखला से घिरा हुआ है। इसके पश्चिम में राजस्थान का मरुस्थलीय क्षेत्र है। यहाँ बहने वाली नदियों में चंबल, सिंधु, बेतवा तथा केन है। इसकी ढाल दक्षिण-पश्चिम से उत्तर पूरब की ओर है। यह भाग पश्चिम में चौड़ा और पूर्व में संकीर्ण है। इसके पूर्वी विस्तार को स्थानीय रूप से बुलंडेलखंड तथा बघेलखंड के नाम से जाना जाता है। इसके सुदूर पूर्व के विस्तार को मुख्यतः दामोदर और स्वर्णरेखा नदियों द्वारा अपवाहित, छोटानागपुर का पठार कहा जाता है।
         विंध्याचल के दक्षिण में इन्हीं के समानांतर सतपुड़ा पर्वत तथा पूर्व में अमरकंटक और छोटानागपुर का पठार है। सतपुड़ा की 1350 मीटर ऊँची धूपगढ़ चोटी पंचमढ़ी पहाड़ी पर है। इस क्षेत्र में छोटानागपुर का पठार भी एक सुस्पष्ट पठारी इकाई है। इसका विस्तार बिहार राज्य के गया जिला के दक्षिणी सीमा तक है । इस पठारी भाग में बहने वाली नदियाँ दामोदर, सोन और स्वर्णरेखा है। इसका पश्चिमी मध्यवर्ती भाग 1100 मीटर ऊँचा है जो ‘पात क्षेत्र’ कहलाता है और छोटानागपुर का सबसे ऊँचा पठारी क्षेत्र है। रांची का पठार इसके पूर्व में है तथा इसकी ऊँचाई औसत 600 मीटर है। तीसरा पठार निचले हजारीबाग का पठार है जिसकी ऊँचाई औसत 300 मीटर है। यहाँ पारसनाथ की पहाड़ी 1365 मीटर ऊँची है।                                                                     
            सतपुड़ा पर्वत के दक्षिण में तापी की घाटी है। नर्मदा और तापी दोनों नदियाँ भ्रंश घाटीयों से होकर बहती है। अरावली की पहाड़ियाँ दक्षिण-पश्चिम में गुजरात से लेकर उत्तर-पूर्व में दिल्ली तक फैली है। दिल्ली के निकट इसे दिल्ली की पहाड़ियाँ कहते हैं। अरावली की औसत ऊँचाई 300.920 मीटर तक है किंतु दक्षिण-पश्चिम में आबू के निकट इनकी सबसे ऊँची चोटी माउंट आबू की गुरुशिखर 1722 मीटर ऊँचा है।
 
3. हिमालय पर्वत श्रृंखला की विशेषताओं का वर्णन करें।
उत्तर- भारत के उत्तरी सीमा पर फैला हिमालय पर्वत श्रेणी भूगर्भीय रूप से नवीन एवं बनावट के दृष्टिकोण से वलित  (मोड़दार) पर्वत श्रृंखला है। ये पर्वत श्रृंखलाएँ पश्चिम से पूर्व दिशा में सिंधु और ब्रह्मपुत्र के बीच करीब 2500 कि.मी. की लंबाई में अर्धवृत्त के रूप में फैला हुआ है। इसका क्षेत्रफल लगभग 5 लाख वर्ग कि.मी. है। यह विश्व की सबसे ऊंची पर्वत श्रेणी है। इसकी चौड़ाई कश्मीर में 500 कि.मी. एवं अरुणाचल प्रदेश में मात्र 160 कि.मी. है। पश्चिमी भाग की अपेक्षा पूर्वी भाग की ऊँचाई में अधिक विविधता पाई जाती है और इसकी तीन समानांतर श्रृंखलाएं हैं-
(i) महान या आंतरिक हिमालय या हिमाद्री-
          सबसे उत्तरी भाग में स्थित श्रृंखला को महान या आंतरिक हिमालय या हिमाद्री कहते हैं। यह सबसे अधिक सतत श्रृंखला है। इसकी औसत ऊंचाई 61 मीटर है। इस श्रृंखला की विशेषता यह है कि इसमें सर्वाधिक ऊँचे शिखर तथा हिमालय के सभी प्रमुख शिखर हैं । जैसे-माउंट एवरेस्ट, के2, कंचनजंगा, मकालू, धौलागिरी, नंगापर्वत, अन्नपूर्णा, कामेट, नामचा बरुआ, गुरुला मांधाता इत्यादि। 
                महान हिमालय का ऊपरी भाग हमेशा बर्फ से ढका रहता है तथा इससे बहुत से हिमानियों का प्रवाह होता है । जम्मू कश्मीर के उत्तर में कुछ अन्य पर्वत श्रेणियाँ भी फैली है। इनमें जास्कर पर्वत श्रेणी महान हिमालय का ही एक श्रेणी है। जास्कर के उत्तर में लद्दाख पर्वत श्रेणी है। हिमालय के उत्तर में काराकोरम पर्वत श्रेणी है जिसे ट्रांस हिमालय भी कहा जाता है। इसका शिखर के2 भारत का सबसे ऊँचा और संसार का दूसरा सबसे ऊँचा शिखर है। इसे गॉडविन ऑस्टिन तथा गौरीनंदा पर्वत के नाम से भी जाना जाता है। 
(ii) लघु हिमालय या मध्य हिमालय-
        महान हिमालय के समानांतर दक्षिण में स्थित श्रृंखला को लघु हिमालय अथवा मध्य हिमालय कहते हैं। यह हिमालय की सबसे अधिक कँटी-छँटी श्रृंखला है तथा इसका निर्माण अत्यधिक संपीड़न तथा परिवर्तित शैलों से हुआ है। इसकी ऊँचाई 1800 मीटर से 4500 मीटर के बीच तथा चौड़ाई 50 कि.मी. है। यहाँ की कुछ चोटियाँ 5000 मीटर से अधिक ऊँची है। नदियाँ 1000 मीटर तक गहरे गॉर्ज से होकर बहती है। शीत ऋतु में इस क्षेत्र में तीन चार महीने बर्फ गिरती है क्योंकि ग्रीष्म ऋतु में यहाँ मौसम शीतल और स्वास्थ्यवर्धक होता है। कश्मीर की पीरपंजाल श्रेणी इसी भाग में स्थित है। यहाँ के पर्यटन स्थलों में कश्मीर की घाटी शिमला, मसूरी, नैनीताल, दार्जिलिंग आदी है। यहाँ की सभी पर्वत श्रेणियाँ घनी सदाबहार वनों से ढके रहते हैं तथा इस क्षेत्र में कुछ घास के मैदान भी है जिसे कश्मीर में मर्ग जैसे-गुलमर्ग, खिलनमर्ग और सोनमर्ग कहते हैं।
(iii) शिवालिक- 
           हिमालय के सबसे दक्षिणी श्रृंखला को बाहरी हिमालय, उपहिमालय अथवा शिवालिक कहा जाता है। यह हिमालय की सबसे निचली श्रृंखला है। यह पश्चिम में पोतवार के पठार क्षेत्र से प्रारंभ होकर पूरब की ओर तीस्ता नदी तक फैला है। इसकी औसतन ऊँचाई 1200 कि.मी. है तथा चौड़ाई 10 से 50 कि.मी. है। यह हिमालय का सबसे नवीनतम पर्वतीय भाग है। इसमें कुछ विस्तृत घाटियाँ भी है जिन्हें दून या द्वार कहते हैं। जैसे- देहरादून, कोटलीदून एवं पाटलीदून, बुटवाल, कांगड़ाघाटी, अलीपुरद्वार इत्यादि।
         
          उपर्युक्त विभाजन के अतिरिक्त हिमालय को पश्चिम से पूर्व तक स्थित क्षेत्रों के आधार पर भी विभाजित किया गया है । इस वर्गीकरण को नदी घाटियों की सीमा के आधार पर किया गया है। उदाहरण के लिए सतलज एवं सिंधु के बीच स्थित हिमालय के भाग को पंजाब हिमालय के नाम से जाना जाता है। कश्मीर हिमालय भी इसी के अंतर्गत है। सतलज तथा काली नदियों के बीच स्थित हिमालय के भाग को कुमायुँ हिमालय के नाम से जाना जाता है। काली तथा तीस्ता नदियाँ नेपाल हिमालय का तथा दिहांग(ब्रह्मपुत्र) नदियाँ असम हिमालय का सीमांकन करती है।
 
ज्ञात करें
1. हिमालय में पायी जाने वाली प्रमुख हिमानियों एवं दर्रों के नाम।
उत्तर- हिमालय में पायी जाने वाली प्रमुख हिमानियाँ- गंगोत्री, यमुनोत्री, सियाचिन, बिआको, बतूरा इत्यादि।
हिमालय में पायी जाने वाली प्रमुख दर्रे- जोजिला, बुर्जिल, शिपकिला, नाथुला, जैलेप्ला इत्यादि।
2. भारत के उन राज्यों के नाम बताएँ जहाँ हिमालय के ऊँचे शिखर स्थित हैं।
उत्तर- के2(माउंट गॉडविन ऑस्टिन) – जम्मू कश्मीर
 कंचनजंगा- सिक्किम
नंगापर्वत- जम्मू-कश्मीर
कामेट- उत्तराखण्ड
नामचा बरुआ- अरुणाचल प्रदेश 
3. मसूरी, नैनीताल एवं रानीखेत की स्थिति बताएँ और राज्यों के नाम लिखें।
उत्तर- 
मसूरी(अक्षांश-30°45’N,देशांतर -78°08’E)-उत्तराखंड 
नैनीताल(अक्षांश-29°24’N,देशांतर-79°25’E)-उत्तराखंड 
रानीखेत(अक्षांश-29°40’N,देशांतर-79°33’E)-उत्तराखंड
4. विश्व का सबसे बड़ा नदी द्वीप माजुली किस नदी और किस राज्य में स्थित है?
उत्तर- विश्व का सबसे बड़ा नदी द्वीप माजुली ब्रह्मपुत्र नदी  असम राज्य में स्थित है।
5. भारत का एकमात्र सक्रिय ज्वालामुखी कहाँ स्थित है?

उत्तर- भारत का एकमात्र सक्रिय ज्वालामुखी बैरन द्वीप है जो अंडमान निकोबा द्वीप समूह में स्थित है।


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अध्याय 1 स्थिति एवं विस्तार

 अध्याय 1 स्थिति

वस्तुनिष्ठ प्रश्नोत्तर

 1. क्षेत्रफल की दृष्टि से भारत का विश्व में कौन-सा स्थान है?
(क) 7 वाँ
(ख) 9 वाँ
(ग) 5 वाँ
(घ) 8 वाँ
उत्तर- (क) 7 वाँ
2. भारत के अक्षांशीय एवं देशांतरीय विस्तार में लगभग कितने डिग्री का अंतर है?
(क) 45°
(ख) 40°
(ग) 30°
(घ) 35°
उत्तर- (ग) 30°
3. भारत की मानक मध्यान्ह रेखा का मान है-
(क) 83°30′
(ख) 81°35′
(ग) 82°30′
(घ) 80°30′
उत्तर- (ग) 82°30′
4. भारत की स्थलीय सीमा रेखा तटीय सीमा रेखा के लगभग कितनी बड़ी है?
(क) आधी
(ख) दुगुनी
(ग) तिगुनी
(घ) चौगुनी
उत्तर- (ख) दुगुनी
5. भारत एवं चीन के बीच सीमा रेखा का नाम है?
(क) रेडक्लिफ लाइन
(ख) मैकमोहन रेखा
(ग) ग्रीनवीच लाइन
(घ) इनमें से कोई नहीं
उत्तर- (ख) मैकमोहन रेखा
रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए-
(1) भारत का क्षेत्रफल 32.8 वर्ग किलोमीटर है जो विश्व के कुल भौगोलिक क्षेत्रफल का 2.4 प्रतिशत है।
(2) भारत का मुख्य भूभाग 8°4′ उत्तर से 37°6′ उत्तर अक्षांश तथा  68°7′ पूर्व देशांतर से 97°25′ देशांतर तक है।
(3) भारत में कुल 28 राज्य एवं 9 केंद्र शासित प्रदेश हैं।
(4) श्रीलंका भारत से मन्नार की खाड़ी एवं पाक जलसंधि द्वारा अलग हुआ है।
(5) कोसी नदी को बिहार का शोक कहते हैं जो हिमालय के कैलाश पर्वत से निकलती है।
कारण बताओ-
(1) भारत का अक्षांशीय एवं देशांतरीय विस्तार लगभग समान है किंतु भूमि पर दोनों की वास्तविक दूरी समान नहीं है, क्यों?
उत्तर- भारत का अक्षांशीय एवं देशांतरीय विस्तार लगभग समान है किंतु भूमि पर दोनों की वास्तविक दूरी समान नहीं है क्योंकि पृथ्वी पर दो अक्षांशों के बीच की दूरी विषुवत रेखा से ध्रुव तक समान रहते हैं परंतु दो देशांतरों के बीच की दूरी जैसे-जैसे ध्रुव की ओर बढ़ते जाते हैं कम होती जाती है।
(2.) भारत के अरुणाचल प्रदेश के निवासी सौराष्ट्र के निवासियों की तुलना में सूर्योदय होने से 2 घंटा पहले ही  उठ जाते हैं, क्यों?
उत्तर- भारत के अरुणाचल प्रदेश के निवासी सौराष्ट्र के निवासियों की तुलना में सूर्योदय होने से 2 घंटा पहले ही उठ जाते हैं क्योंकि भारत में अरुणाचल प्रदेश और कच्छ के बीच स्थानीय समय में 2 घंटे का अंतर है। जब अरुणाचल प्रदेश में सूर्योदय होता है उस समय कच्छ में अंधेरा रहता है और वहाँ 2 घंटे बाद सूर्योदय होता है। ऐसा दोनों में 30° देशांतरीय विस्तार के कारण होता है।
          चूँकि  पृथ्वी 24 घंटे में 360° देशांतर घूम जाती है। अतः 1° देशांतर पार करने में पृथ्वी को 4 मिनट का समय लगता है। सौराष्ट्र और अरुणाचल प्रदेश के बीच 30° देशांतर का अंतर है। अतः 30°×4 मिनट = 120 मिनट यानी दो घंटा हुआ।
(3.) भारत के जम्मू-कश्मीर राज्य में जाड़े की ऋतु में जहाँ लोग गर्म कपड़ों में लिपटे रहते हैं वहीं दक्षिणी राज्य केरल के निवासी खुले बदन एवं लूंगी में रहते हैं, क्यों?
उत्तर- भारत का उत्तरी किनारा जम्मू-कश्मीर राज्य में है तथा 37°6′ अक्षांश रेखा इसके उत्तरी किनारे से गुजरती है। अतः विषुवत रेखा से यह काफी दूरी पर है तथा सूर्य की किरणें यहाँ अत्यंत तिरछी पड़ती है परिणामतः यहाँ सूर्य ताप कम मिलता है और जाड़े की ऋतु में अत्यधिक ठंडक पड़ती है। इसके विपरीत भारत का दक्षिणी भाग केरल और तमिलनाडु राज्य विषुवत रेखा के काफी निकट है। अतः यहाँ सूर्य की किरणें अपेक्षाकृत सीधी पड़ती है और सूर्य ताप अधिक मिलता है। इस तरह जाड़ें में जम्मू-कश्मीर में पुरुष गर्म कपड़े और चादरों में लिपटे रहते हैं वहीं केरल का किसान लुंगी पहने नगें बदन खेती करता है।
(4.) भारत की तटीय सीमा रेखा काफी लंबी है, क्यों?
उत्तर- भारत के प्रायद्वीपीय भाग तीनों ओर पूर्व में बंगाल की खाड़ी, पश्चिम में अरब सागर तथा दक्षिण में हिंद महासागर से घिरा हुआ है। इसी प्रायद्वीपीय आकार के कारण भारत की तटीय सीमा इतनी लंबी है तथा हिंद महासागर के मध्य भाग में स्थित है।
लघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर-
(1.)  भौगोलिक क्षेत्रफल के दृष्टिकोण से भारत से बड़े सभी देशो का नाम क्रमवार से लिखें।
उत्तर- भौगोलिक क्षेत्रफल के दृष्टिकोण से भारत से बड़े सभी देशो का नाम क्रमवार से- 1.रूस  2.कनाडा  3.चीन 4.यू. एस. ए.  5.ब्राजील  6.ऑस्ट्रेलिया  7.भारत
(2.) बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में स्थित भारत के द्वीप समूह का नाम लिखें।
उत्तर- बंगाल की खाड़ी स्थित द्वीप समूह- अंडमान निकोबार द्वीप समूह।
अरब सागर में स्थित द्वीप समूह- लक्षद्वीप
(3.) भारत की स्थलीय सीमा रेखा को छूने वाले सभी पड़ोसी देशों का नाम लिखें।
उत्तर- भारत की स्थल सीमा 7 देशों को छूती है । इन देशों के नाम इस प्रकार है – पाकिस्तान, अफ़गानिस्तान, चीन, नेपाल, भूटान, बांग्लादेश तथा म्यानमार।
(4.) भारत के कौन से राज्य अन्तर्राष्ट्रीय सीमा तथा समुद्र तट को स्पर्श नहीं करते हैं।
उत्तर- हरियाणा, दिल्ली, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ तथा झारखंड राज्य अन्तर्राष्ट्रीय सीमा तथा समुद्र तट को स्पर्श नहीं करते हैं।
(5.) जलसंधि किसे कहते है?
उत्तर-  जल का वह संकीर्ण हिस्सा जो दो बड़े जलाशयों अर्थात सागरों को जोड़ता है उसे जलसंधि कहते हैं।  
            जैसे- पाक जलसंधि भारत के तमिलनाडु राज्य और श्रीलंका के उत्तरीप्रान्त के जाफना जिले के बीच में स्थित एक जलसंधि है। यह जलसंधि पूर्वोत्तर में पाक खाड़ी को दक्षिण-पश्चिम में स्थित मन्नार की खाड़ी से जोड़ती है।
 
दीर्घ उत्तरीय प्रश्नोत्तर-
(1.) भारत के अक्षांशीय एवं देशांतरीय विस्तार का इसके समय पर क्या प्रभाव पड़ता है? स्पष्ट करें।
उत्तर-  अक्षांशीय विस्तार का किसी भी देश के समय पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता है इसके कारण केवल सर्दी गर्मी का प्रभाव पड़ता है। किसी भी देश के समय निर्धारण में केवल उस देश का  देशांतरीय विस्तार का प्रभाव पड़ता है भारत का अक्षांशीय एवं देशांतरीय विस्तार दोनों लगभग समान 30° है। 
       
       भारत में अरुणाचल प्रदेश और कच्छ के बीच स्थानीय समय में 2 घंटे का अंतर है। जब अरुणाचल प्रदेश में सूर्योदय होता है उस समय कच्छ में अंधेरा रहता है और वहाँ 2 घंटे बाद सूर्योदय होता है । ऐसा दोनों में 30°  देशांतरीय विस्तार के कारण होता है। 
                 
          चूँकि  पृथ्वी 24 घंटे में 360° देशांतर घूम जाती है। अतः 1° देशांतर पार करने में पृथ्वी को 4 मिनट का समय लगता है। सौराष्ट्र और अरुणाचल प्रदेश के बीच 30° देशांतर का अंतर है। अतः 30°×4 मिनट = 120 मिनट यानी दो घंटा हुआ।

                भारत की मानक देशांतर रेखा 82°30′ पूर्वी देशांतर है जो इलाहाबाद के नैनी से होकर गुजती है। मानक मध्याह्न रेखा चुनते समय इस बात का ध्यान रखा जाता है कि वह देश के बीचो बीच से गुजरती हो तथा 7°30′ का गुणांक हो ताकि  7°30′ देशांतरीय दूरी पर स्थित स्थानों के बीच 30 मिनट का समयांतर हो।


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(हिंदी माध्यम) 

अध्याय- 7. राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था की जीवन रेखाएँ



राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था

1. बहुवैकल्पिक प्रश्नोत्तर

1. निन्म में से कौन-से दो दूरस्थ स्थित स्थान पूर्वी-पश्चिमी गलियारे से जुड़े है?

(क) मुम्बई तथा नागपूर

(ख) मुम्बई और कोलकात्ता

(ग) सिलचर तथा मुम्बई

(घ) नागपूर तथा सिलीगुड़ी

उत्तर – (ग) सिलचर तथा मुम्बई

2. निन्मलिखित में से परिवहन का कौन-सा साधन वहनांरण हानियों तथा देरी को घटाता है?

(क) रेल परिवहन

(ख) पाइपलाइन

(ग) सड़क परिवहन

(घ) जल परिवहन

उत्तर –(ख) पाइपलाइन

3. निम्न में से कौन-सा राज्य हजीरा-विजयपुर-जगदीशपुर पाइप लाइन से नहीं जुड़ा है?

(क) मध्य प्रदेश

(ख) गुजरात

(ग) महाराष्ट्र

(घ) उत्तर प्रदेश

उत्तर – (ग) महाराष्ट्र

4. इनमें से कौन-सा पत्तन पूर्वी तट पर स्थित है जो अंत: स्थलीय तथा अधिकतम गहराई का पत्तन है तथा पूर्ण सुरक्षित है?

(क) चेन्नई

(ख) तूतीकोरिन

(ग) पारादीप

(घ) विशाखापत्तनम

उत्तर – (घ) विशाखापत्तनम

5. निन्म में से कौन-सा परिवहन साधन भारत में प्रमुख साधन है?

(क) पइपलाइन

(ख) सड़क परिवहन

(ग) रेल परिवहन

(घ) वायु परिवन

उत्तर – (ग) रेल परिवहन

6. निम्न में से कौन-सा शब्द दो या अधिक देशों के व्यापार को दर्शाता है-

(क) आन्तरिक व्यापार

(ख) बाहरी व्यापार

(ग) अन्तराष्ट्रीय व्यापार

(घ) स्थानिक व्यापार

उत्तर – (ग) अन्तराष्ट्रीय व्यापार

2. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 30 शब्दों में दीजिए।

(i) सड़क परिवहन के तीन गुण बताएँ।

उत्तर-  सड़क परिवहन के तीन गुण निम्नलिखित है-

       ● अपेक्षाकृत कम व्यक्तियों, कम दूरी व कम वस्तुओं के परिवहन में सड़क मितव्ययी है।

       ●  रेलवे लाइन की अपेक्षा सड़कों की निर्माण लागत बहुत कम है।

       ●  सड़क परिवहन परिवहन, अन्य परिवहन साधनों के उपयोग में एक कड़ी के रूप में भी कार्य करता है, जैसे सड़कें, रेलवे स्टेशन, वायु व समुद्री पतनों को जोड़ती है।

(ii) रेल परिवहन कहाँ पर अत्यधिक सुविधाजनक परिवहन साधन है तथा क्यों?

उत्तर-  भारत में रेल परिवहन, वस्तुओं तथा यात्रियों के परिवहन का प्रमुख साधन है। रेल परिवहन अनेक कार्यों में सहायक है जैसे- व्यापार भ्रमण, तीर्थ यात्राएँ व लंबी दूरी तक समान का परिवहन आदी। भारत के उत्तरी मैदानों में रेल परिवहन अत्यधिक सुविधाजनक है क्योंकि उत्तरी मैदान अपनी विस्तृत समतल भूमि, सघन जनसंख्या घनत्व, संपन्न कृषि व प्रचुर संसाधनों के कारण रेल परिवहन के विकास व वृद्धि में सहायक रहा है। कुछ वर्ष पहले भारत के महत्वपूर्ण आर्थिक क्षेत्र में पश्चिमी तट के साथ कोंकण रेलवे के विकास ने यात्री व वस्तुओं के आवागमन को सुविधाजनक बनाया है।

(iii) सीमांत सड़कों का महत्व बताएँ।

उत्तर – भारत सरकार प्राधिकरण के अधीन सीमा सड़क संगठन है जो देश के सीमांत क्षेत्रों में सड़कों का निर्माण व उनकी देख-रेख करता है। यह संगठन 1960 में बनाया गया जिसका कार्य उत्तर तथा उत्तरी-पूर्वी क्षेत्रों में सामरिक महत्व की सड़कों का विकास करना था। इन सड़कों के विकास से दुर्गम क्षेत्रों में अभिगम्यता बढ़ी है तथा ये इन क्षेत्रों के आर्थिक विकास में भी सहायक हुई है।

(iv) व्यापार से आप क्या समझते है?  स्थानीय व अंतर्राष्ट्रीय व्यापार में अंतर स्पष्ट करें।

उत्तर- राज्यों व देशों में व्यक्तियों के बीच वस्तुओं का आदान प्रदान व्यापार कहलाता है। बाजार एक ऐसी जगह है जहाँ इसका विनिमय होता है।

अंतर्राष्ट्रीय व्यापार- दो या अधिक देशों के मध्य होने वाले वस्तुओं के आदान-प्रदान अर्थात व्यापार को ही अंतर्राष्ट्रीय व्यापार कहा जाता है। यह समुद्री, हवाई व स्थलीय मार्गो द्वारा हो सकता है।

स्थानीय व्यापार- देश के अंदर दो या अधिक लोगों के मध्य होने वाले वस्तुओं के आदान-प्रदान अर्थात व्यापार को ही स्थानीय व्यापार कहा जाता है। ये शहरों, कस्बों व गाँवों में होता है।

3. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 120 शब्दों में दीजिए।

(i) परिवहन तथा संचार के साधन किसी देश की जीवन रेखा तथा अर्थव्यवस्था क्यों कहे जाते हैं?

उत्तर- परिवहन एवं संचार साधन तथा आर्थिक गतिविधियों के विकास के मध्य सकारात्मक संबंध है। परिवहन की महत्ता का वर्णन प्राचीन भारतीय धर्मग्रंथों में भी मिलता है। इनकी महत्ता आज भी विद्यमान है परंतु इसके रूप, गुण एवं गति में अवश्य ही परिवर्तन आया है।

       परिवहन एवं संचार के साधन प्रादेशिक विकास के साथ-साथ आम जनजीवन को भी प्रभावित करते हैं। पंचायत स्तर से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक समाज में शांति का माहौल बनाए रखने में पुलिस तथा सैनिकों के आने जाने तथा बातचीत करने के लिए यह साधन जरूरी है। परंतु इनके विकास का स्तर संस्कृति के स्तर से निर्धारित होता है। भारत जैसे विशाल भौगोलिक आकार एवं विविध संस्कृतियों वाले देश में परिवहन एवं संचार के विभिन्न साधन एक-दूसरे को जोड़ने का कार्य करते हैं। यही नहीं, संचार के साधन सामाजिक-सांस्कृतिक स्तर को ऊँचा उठाने में भी योगदान देते हैं। भारत का पाकिस्तान, नेपाल एवं बांग्लादेश के साथ परिवहन संपर्क दो देशों के बीच की सामाजिक-सांस्कृतिक विकास का सूचक है।

        परिवहन एवं संचार साधनों के बिना किसी भी प्रकार की आर्थिक क्रिया लगभग असंभव है। ये  साधन हमारे जैविक पक्ष को भी प्रभावित करते हैं। जन्म से लेकर मृत्यु तक हमारा जीवन इन्हीं साधनों पर आश्रित होता है। जीवन जीने के लिए अनाज एवं शाक-सब्जी तथा फलों की आपूर्ति में इन्हीं साधनों का सहारा लेना पड़ता है। अतः इस प्रकार कहा जा सकता है कि परिवहन तथा संचार के साधन किसी देश की जीवन रेखा तथा अर्थव्यवस्था कहे जाते हैं।

(ii) पिछले 15 वर्षों में अंतरराष्ट्रीय व्यापार की बदलती प्रवृत्ति पर एक लेख लिखें।

उत्तर- सभी देश अंतर्राष्ट्रीय व्यापार पर निर्भर है क्योंकि संसाधनों की उपलब्धता क्षेत्रीय है अर्थात इनका वितरण असमान है आयात तथा निर्यात व्यापार के घटक है। आयात व निर्यात का अंतर ही देश के व्यापार संतुलन को निर्धारित करता है। अगर निर्यात मूल्य आयात  मूल्य से अधिक हो तो उसे अनुकूल व्यापार संतुलन कहते हैं। ठीक इसके विपरीत निर्यात की अपेक्षा अधिक आयात असंतुलित व्यापार कहलाता है।

         भारत से निर्यात की जानेे वाली वस्तुओं मेंं इंजीनियरिंग सामान, पेट्रोलियम उत्पाद, रत्न और आभूषण, रसायन एवं संबंधित उत्पाद, वस्त्र, कृषि एवं संबद्ध उत्पाद, अयस्क एवं खनिज तथा अन्य सामान शामिल है। जबकि आयात की जाने वाली वस्तुओं में पेट्रोलियम एवं संबंधित उत्पाद, मशीनरी इलेक्ट्रॉनिक सामान, सोना और चांदी, उर्वरक, रसायन, अलौह धातुएँ एवं अन्य सामान शामिल है।

        अंतरराष्ट्रीय व्यापार में पिछले 15 वर्षों में भारी बदलाव आया है। वस्तुओं के आदान-प्रदान की अपेक्षा सूचनाओं, ज्ञान तथा प्रौद्योगिकी का आदान-प्रदान बढ़ा है। भारत अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर एक सॉफ्टवेयर महाशक्ति के रूप में उभरा है तथा सूचना प्रौद्योगिकी के माध्यम से अत्यधिक विदेशी मुद्रा अर्जित कर रहा है।

प्रश्न पहेली

1. उत्तरी-दक्षिणी गलियारे(Corridor) का उत्तरी छोर।

उत्तर – श्रीनगर

2. राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या-2 का नाम।

उत्तर – शेरशाह सूरी मार्ग

3.दक्षिण रेलवे खंड का मुख्यालय।

उत्तर – सिकंदराबाद

4. 1.676 मीटर चौड़ाई वाले रेलमार्ग का नाम।

उत्तर – बड़ी लाइन

5. राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या-7 का दक्षिणतम किनारा।

उत्तर – कन्याकुमारी

6. एक नदीय पत्तन।

उत्तर – कोलकाता

7. उत्तरी भारत का व्यस्ततम रेलवे जंक्शन।

उत्तर- मुगलसराय जंक्शन वर्तमान नाम पंडित दी दयाल उपाध्याय जंक्शन



अध्याय-6. विनिर्माण उद्योग / NCERT CLASS 10 Geography Solutions

NCERT CLASS -10 Geography Solutions

(हिंदी माध्यम)

अध्याय-6. विनिर्माण उद्योग



 
विनिर्माण उद्योग

 1. बहुवैकल्पिक प्रश्नोत्तर

1. निम्न से कौन-सा उद्योग चुना पत्थर को कच्चे माल के रूप में प्रयुक्त करता है?

(क) एल्युमिनियम

(ख) चीनी

(ग) सीमेंट

(घ) पटसन

उत्तर – (ग) सीमेंट

2. निन्म से कौन सी एजेंसी सार्वजानिक क्षेत्र में स्टील को बाजार में उपलब्ध कराती है?

(क) हेल (HAIL)

(ख) सेल (SAIL)

(ग) टाटा स्टील

(घ) एम एन सी सी (MNCC)

उत्तर – (ख) सेल (SAIL)

3. निन्म से कौन-सा उद्योग बॉक्साइट को कच्चे माल के रूप में प्रयोग करता है?

(क) एल्युमिनियम

(ख) सीमेंट

(ग) पटसन

(घ) स्टील

उत्तर – (क) एल्युमिनियम

4. निन्म से कौन-सा उद्योग दूरभाष, कम्प्यूटर आदि संयंत्र निर्मित करते है?

(क) स्टील

(ख) एल्युमिनियम

(ग) इलेक्ट्रॉनिक

(घ) सूचना प्रौद्योगिकी

उत्तर –(ग) इलेक्ट्रॉनिक

2. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 30 शब्दों में दीजिए।

(i) विनिर्माण क्या है?

उत्तर-  कच्चे पदार्थ को मूल्यवान उत्पाद में परिवर्तित कर अधिक मात्रा में वस्तुओं के उत्पादन को विनिर्माण या वस्तु निर्माण कहा जाता है।

जैसे- कागज लकड़ी से, चीनी गन्ने से, लोहा-इस्पात लौह अयस्क से तथा एलमुनियम बॉक्साइट से निर्मित होता है।

(ii) उद्योगों की अवस्थिति को प्रभावित करने वाले तीन भौतिक कारक बताएँ।

उत्तर- उद्योगों की अवस्थिति को प्रभावित करने वाले तीन भौतिक कारक निम्नलिखित है-

● कच्चे माल की उपलब्धता।

● शक्ति के साधन व जल की उपलब्धता।

● अनुकूल जलवायु।

(iii) औद्योगिक अवस्थिति को प्रभावित करने वाले तीन मानवीय कारक बताएँ।

उत्तर- औद्योगिक अवस्थिति को प्रभावित करने वाले तीन मानवीय कारक निम्नलिखित है-

● श्रमिक, पूंजी तथा बाजार की उपलब्धता।

● परिवहन की सुविधा।

● बैंकिंग सुविधा तथा सरकारी नीतियाँ

(iv) आधारभूत उद्योग क्या है ? उदाहरण देकर बताएँ।

उत्तर – लौह और इस्पात उद्योग एक आधारभूत उद्योग है; क्योंकि अन्य सभी भारी, हल्के और मध्यम उद्योग इनसे बनी मशीनरी पर निर्भर करते हैं। इसे अन्य उद्योगों का जनक भी कहा जाता है। विविध प्रकार के इंजीनियरिंग सामान निर्माण सामग्री, रक्षा, चिकित्सा, टेलीफोन, वैज्ञानिक उपकरण और विभिन्न प्रकार के उपभोक्ता वस्तुओं के निर्माण के लिए इस्पात की आवश्यकता होती है।

3. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 120 शब्दों में दीजिए।

(i) समन्वित इस्पात उद्योग मिनी इस्पात उद्योगों से कैसे भिन्न है? इस उद्योग की क्या समस्याएँ हैं? किन सुधारों के अंतर्गत इसकी उत्पादन बढ़ी है?

उत्तर-

मिनी इस्पात उद्योग- मिनी इस्पात उद्योग छोटे संयंत्र है जिनमें विद्युत भट्टी, रद्दी इस्पात व स्पंज आयरन का प्रयोग होता है। इनमें री-रोलर्स होते हैं जिनमें इस्पात सिल्लियों का इस्तेमाल किया जाता है। यह हल्के स्टील या निर्धारित अनुपात के मृदु व मिश्रित इस्पात का उत्पादन करते हैं।

समन्वित इस्पात उद्योग- समन्वित इस्पात संयंत्र एक बड़ा संयंत्र होता है। जिसमें कच्चे माल को एक स्थान पर एकत्रित करने से लेकर इस्पात बनाने उसे ढालने और उसे आकार देने तक की की प्रत्येक क्रिया की जाती है।

समस्याएँ- इस उद्योगों की भारत में निम्नलिखित समस्याएँ हैं-

(क) उच्च लागत तथा कोकिंग कोयले की सीमित उपलब्धता

(ख) कम श्रमिक उत्पादकता

(ग) ऊर्जा की अनियमित पूर्ति

(घ) अविकसित अवसंरचना इत्यादि।

सुधार- निजी क्षेत्र में उद्यमियों के प्रयत्न से तथा उदारीकरण व प्रत्यक्ष विदेशी निवेश ने इस उद्योग को प्रोत्साहन दिया है। इस्पात उद्योग को अधिक स्पर्धावान बनाने के लिए अनुसंधान और विकास के संसाधनों को नियत करने की आवश्यकता है।

(ii) उद्योग पर्यावरण को कैसे प्रदूषित करते है?

उत्तर- यद्यपि उद्योगों की भारतीय अर्थव्यवस्था की वृद्धि व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका है, तथापि इनके द्वारा बढ़ते भूमि, वायु, जल तथा पर्यावरण प्रदूषण को भी नकारा नहीं जा सकता। उद्योग मुख्यतः चार प्रकार के प्रदूषण के लिए उत्तरदायी है- (क) वायु (ख) जल (ग) भूमि तथा (घ) ध्वनि। प्रदूषण करने वाले उद्योगों में ताप विद्युतगृह भी सम्मिलित है।

(क) वायु प्रदूषण- अधिक अनुपात में अनचाहे गैसों की उपस्थिति जैसे सल्फर डाइऑक्साइड तथा कार्बन मोनोऑक्साइड वायु प्रदूषण का कारण है।

(ख) जल प्रदूषण- उद्योगों द्वारा कार्बनिक तथा अकार्बनिक अवशिष्ट पदार्थों के नदी में छोड़ने से जल प्रदूषण फैलता है। जल प्रदूषण के प्रमुख कारक – कागज, लुग्दी, रसायन, वस्त्र तथा रंगाई उद्योग, तेल शोधनशालाएँ, चमड़ा उद्योग तथा इलेक्ट्रोप्लेटिंग उद्योग है।

(ग) भूमि प्रदूषण- मृदा व जल प्रदूषण आपस में संबंधित है। मलबे का ढेर विशेषकर कांच, हानिकारक रसायन, औद्योगिक बहाव, पैकिंग, लवण तथा कूड़ा-करकट मृदा को अनुपजाऊ बनाता है। वर्षा के जल के साथ ये प्रदूषक जमीन से रिसते हुए  भूमिगत जल तक पहुंचकर उसे भी प्रदूषित कर देते हैं।

(घ) ध्वनि प्रदूषण- औद्योगिक तथा निर्माण कार्य, कारखानों के उपकरण, जेनरेटर, लकड़ी चीरने के कारखाने, गैस यांत्रिकी तथा विद्युत ड्रिल भी अधिक ध्वनि उत्पन्न करते हैं। ध्वनि प्रदूषण से खिन्नता तथा उत्तेजना ही नहीं वरन श्रवण असक्षमता,  हृदय गति, रक्तचाप तथा अन्य कायिक व्यथाएँ भी बढ़ती है । अनचाही ध्वनि, उत्तेजना व मानसिक चिंता का स्रोत है।

(iii) उद्योगों द्वारा पर्यावरण निम्नीकरण को कम करने के लिए उठाए गए विभिन्न उपायों की चर्चा करें?

उत्तर- उद्योगों द्वारा पर्यावरण निम्नीकरण को कम करने के लिए उठाए गए विभिन्न उपाय निम्नलिखित है-

● जहां भूमिगत जल का स्तर कम है वहां उद्योगों द्वारा इसके अधिक निष्कासन पर कानूनी प्रतिबंध होना चाहिए।

● वायु में निलंबित प्रदूषण को कम करने के लिए कारखानों में ऊँची चिमनियाँ, चिमनियों में इलेक्ट्रोस्टेटिक अवक्षेपण, स्क्रबर उपकरण तथा गैसीय प्रदूषक पदार्थों को जड़त्वीय रूप से पृथक करने के लिए उपकरण होना चाहिए।

● कारखानों में कोयले की अपेक्षा तेल व गैस के प्रयोग से धुएँ के निष्कासन में कमी लाई जा सकती है।

●  जेनरेटर में साइलेंसर लगाया जा सकता है।

● ऐसी मशीनरी का उपयोग किया जाए जो ऊर्जा सक्षम हो तथा कम ध्वनि प्रदूषण करे।

● नदियों व तालाबों में गर्म जल तथा अवशिष्ट पदार्थों को प्रवाहित करने से पहले उनका शोधन करना चाहिए।

●  जल की आवश्यकता पूर्ति हेतु वर्षा जल संग्रहण करना चाहिए।

● ध्वनि अवशोषित करने वाले उपकरणों के इस्तेमाल के साथ कानों पर शोर नियंत्रण उपकण भी पहनने चाहिए  इत्यादि।


अध्याय-5. खनिज तथा ऊर्जा संसाधन / NCERT CLASS 10 Geography Solutions

 
NCERT CLASS -10 Geography Solutions
(हिंदी माध्यम)

अध्याय -5. खनिज तथा ऊर्जा संसाधन



 
खनिज तथा ऊर्जा

1. बहुवैकल्पिक प्रश्नोत्तर

1. निम्नलिखित में से कौन-सा खनिज अपक्षयित पदार्थ के अपशिष्ट भार को त्यागता हुआ चट्टानों के अपघटन से बनता है?

(क) कोयला

(ख) बॉक्साइट

(ग) सोना

(घ) जस्ता

उत्तर – (ख) बॉक्साइट

2. झारखण्ड के कोडरमा निम्नलिखित से किस खनिज का अग्रणी उत्पादक है?

(क) बॉक्साइट

(ख) अभ्रक

(ग) लौह अयस्क

(घ) ताँबा

उत्तर – (ख) अभ्रक

3. निन्मलिखित चट्टानों में से किस चट्टान के स्तरों में खनिजों का निक्षेपण और संचयन होता है?

(क) तलहटी चट्टानें

(ख) कायांतरित चट्टानें

(ग) आग्नेय चट्टानें

(घ) इनमें से कोई नहीं

उत्तर – (क) तलहटी चट्टानें

4. मोनाजाइट रेत में निम्नलिखित में से कौन-सा खनिज पाया जाता है?

(क) खनिज तेल

(ख) युरेनियम

(ग) थोरियम

(घ) कोयला

उत्तर – (ग) थोरियम

2.निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 30 शब्दों में दीजिए।

(i) निम्नलिखित में अंतर 30 शब्दों से अधिक न दें।

(क) लौह एवं अलौह खनिज

उत्तर-

लौह खनिज- वैसे खनिज जिसमें लोहे का अंश अधिक पाया जाता है वे लौह युक्त खनिज कहलाते हैं। जैसे – लौह अयस्क, मैंगनीज, निकिल, टंगस्तान इत्यादि।

अलौह खनिज- वैसे  खनिज जिसमें लोहे का अंश न्यूनतम या नहीं के बराबर होता है वे अलौह युक्त खनिज कहलाते हैं। जैसे – सोना, चांदी, शीशा, बॉक्साइट , टीन इत्यादि।

(ख) परम्परागत तथा गैर परम्परागत ऊर्जा साधन

उत्तर-

परम्परागत ऊर्जा साधन- कोयला, पेट्रोलियम, प्राकृतिक गैस जैसे खनिज ईंधन जो जीवाश्म ईंधन के नाम से भी जाने जाते हैं ये पारंपरिक ऊर्जा संसाधन है तथा ये समाप्य संसाधन है।

गैर परम्परागत ऊर्जा साधन- बायोगैस, सौर ऊर्जा, पवन ऊर्जा, ज्वारीय एवं तरंग ऊर्जा, भूतापीय ऊर्जा एवं जैव ऊर्जा जो नवीकरणीय ऊर्जा के नाम से भी जाने जाते हैं ये गैर पारंपरिक ऊर्जा संसाधन है तथा ये समाप्य संसाधन नहीं है।

(ii) खनिज क्या है?

उत्तर – खनिज निश्चित अनुपात रासायनिक एवं भौतिक विशिष्टताओं  के साथ निर्मित एक प्राकृतिक पदार्थ है। दूसरे शब्दों में, खनिज निश्चित रासायनिक संयोजन एवं विशिष्ट आंतरिक परमाणविक रचना वाले ठोस प्राकृतिक पदार्थ को कहा जाता है।  संक्षेप में खान से निकाले गए पदार्थ को खनिज कहते है । जैसे – कोयला, पेट्रोलियम, सोना, लौह अयस्क इत्यादि।

(iii) आग्नेय तथा कायान्तरित चट्टानों में खनिजों का निर्माण कैसे होता है?

उत्तर – आग्नेय तथा कायांतरित चट्टानों में खनिज दरारों, जोड़ों, भ्रंशों व विदरों में मिलते हैं । छोटे जमाव शिराओं के रूप में और वृहद जमाव परत के रूप में पाए जाते हैं इनका निर्माण भी अधिकतर उस समय होता है जब ये तरल अथवा किसी गैसीय अवस्था में दरारों के सहारे भू-पृष्ठ की ओर धकेल जाते हैं । ऊपर आते हुए ये ठंडे होकर जम जाते हैं मुख्य धात्विक खनिज जैसे – जस्ता, तांबा, जिंक और शीशा आदी इसी तरह शिराओं व जमाव के रूप में प्राप्त होते हैं।

         अनेक खनिज अवसादी चट्टानों के अनेक अनेक संस्तरों या परतों में पाए जाते हैं । इनका निर्माण क्षैतिज परतों में निक्षेपण, संचयन व जमाव का परिणाम है । कोयला तथा कुछ अन्य प्रकार के लौह अयस्कों का निर्माण लंबी अवधि तक अत्यधिक ऊष्मा व दबाव का परिणाम है । अवसादी चट्टानों में दूसरी श्रेणी के खनिजों में जिप्सम, पोटाश, नमक और सोडियम सम्मिलित है । इनका निर्माण विशेषकर शुष्क प्रदेशों में वाष्पीकरण के फलस्वरुप होता है।

(iv) हमें खनिजों के संरक्षण की क्यों आवश्यकता हैं?

उत्तर – खनिज क्षयशील एवं अनवीकरणीय संसाधन है। इनकी मात्रा सीमित है। इनका पुनर्निर्माण असंभव है। खनिज उद्योगों का आधार है किन्तु औद्योगिक विकास के लिए खनिजों का अतिशय दोहन एवं उपयोग उनके अस्तित्व के लिए संकट है। अतः खनिजों का संरक्षण एवं प्रबंधन आवश्यक है। खनिज संसाधन के विवेकपूर्ण उपयोग तीन बातों पर निर्भर है –

★ खनिजों के निरंतर दोहन पर नियंत्रण,

★उनका बचतपूर्वक उपयोग तथा

★कच्चे माल के रूप में सस्ते विकल्पों की खोज।

          खनिजों पर नियंत्रण के अलावे उनके विकल्पों को खोजना, खनिजों के अपशिष्ट पदार्थों को बुद्धिमतापूर्वक उपयोग, पारिस्थितिकी पर पड़ने वाले कुप्रभाव पर नियंत्रण, खनिज निर्माण के लिए चक्रीय पद्धति को अपनाना प्रबंधन कहलाता है। यदि खनिजों के संरक्षण के साथ-साथ प्रबंधन पर ध्यान दिया जाए तो खनिज संकट से निबटा जा सकता है।

3. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 120 शब्दों में दीजिए।

(i) भारत में कोयले का वितरण का वर्णन कीजिए।

उत्तर- भूगर्भिक दृष्टि से भारत के समस्त कोयला भंडार को दो मुख्य भागों में बांटा जा सकता है।

(क) गोंडवाना समूह- गोंडवाना समूह में भारत के 96 प्रतिशत कोयले का भण्डार है इससे कुल उत्पादन का 99 प्रतिशत भाग प्राप्त होता है। यहाँ के कोयले का निर्माण 20 करोड़ वर्ष पूर्व में हुआ था। गंडवाना कोयला क्षेत्र मुख्यतः चार नदी घाटियों में पाये जाते हैं-

(क) दामोदर घाटी क्षेत्र

(ख) सोन नदी घाटी क्षेत्र

(ग) महानदी घाटी क्षेत्र तथा

(घ) वार्धा-गोदावरी घाटी क्षेत्र।

          गोंडवाना समूह का कोयला क्षेत्र भारत के निम्नलिखित राज्यों में पाया जाता है:-

झारखण्ड – कोयले के भण्डार एवं उत्पादन की दृष्टि से इसका स्थान  देश में प्रथम है। यहाँ के प्रमुख कोयला उत्पादक क्षेत्र- झरिया, बोकारो, गिरिडीह, कर्णपुरा, रामगढ़ इत्यादि हैं।

छत्तीसगढ़- सुरक्षित भण्डार की दृष्टि से इस राज्य का स्थान तीसरा किंतु उत्पादन में यह भारत का दूसरा बड़ा राज्य है। यहाँ देश का 15 प्रतिशत सुरक्षित भण्डार है लेकिन उत्पादन 16 प्रतिशत होता है। यहाँ का उत्पादक क्षेत्र है चिरिमिरी, कुरसिया, विश्रामपुर, झिलमिली, सोनहाट, लखनपुर, हासदो-अरंड, कोरबा एवं मांड-रायगढ़ इत्यादि।

उड़ीसा- यहाँ देश का एक चौथाई कोयले का भण्डार है। यहाँ का मुख्य उत्पादक क्षेत्र है तालचर।

महाराष्ट्र- यहाँ भारत का मात्र 3 प्रतिशत कोयला सुरक्षित है। यहाँ के मुख्य उत्पादक क्षेत्र-चाँदा-वर्धा, कांपटी तथा बंदेर हैं।

मध्यप्रदेश- यहाँ देश का मात्र 7 प्रतिशत कोयला का भण्डार है। सिंगरौली, सोहागपुर, जोहिल्ला, उमरिया, सतपुड़ा क्षेत्र इत्यादि मुख्य उत्पादक क्षेत्र हैं।

पश्चिम बंगाल- यह राज्य देश के सुरक्षित भण्डार की दृष्टि से चौथा एवं उत्पादन में 7वां है। रानीगंज यहाँ का मुख्य उत्पादक क्षेत्र है।

(ख) टर्शियरी समूह- गोंडवाना समूह के बाद टर्शियरी समूह के कोयले का निर्माण हुआ। यह 5.5 करोड़ वर्ष पुराना है। टर्शियरी कोयला मुखयतः असम, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय और नगालैंड में पाया जाता  है।

(ii) भारत में सौर ऊर्जा का भविष्य उज्जवल है। क्यों?

उत्तर- भारत में सौर ऊर्जा का भविष्य उज्ज्वल है क्योंकि भारत एक उष्णकटिबंधीय देश है। यहाँ सौर ऊर्जा के दोहन की असीम संभावनाएँ हैं। फोटोवोल्टाइक प्रौद्योगिकी द्वारा धूप को सीधे विद्युत में परिवर्तित किया जाता है। भारत के ग्रामीण तथा सुदूर क्षेत्रों में सौर ऊर्जा तेजी से लोकप्रिय हो रही है।

       भारत का सबसे बड़ा सौर ऊर्जा संयंत्र भुज के निकट माधोपुर में स्थित है, जहाँ सौर ऊर्जा से दूध के बड़े बर्तनों को कीटाणु मुक्त किया जाता है। ऐसी अपेक्षा है कि सौर ऊर्जा के प्रयोग से ग्रामीण घरों में उपलों तथा लकड़ी पर निर्भरता को न्यूनतम किया जा सकेगा। फलस्वरुप यह कम लागत वाला पर्यावरण के अनुकूल तथा निर्माण में आसान होने के कारण ऊर्जा के स्रोतों की अपेक्षा ज्यादा लाभदायक है और  इससे कृषि में भी खाद्य की पर्याप्त आपूर्ति होगी । इस प्रका कहा जा सकता है कि भारत में सौर ऊर्जा का भविष्य काफी उज्जवल है।



अध्याय-4 कृषि / NCERT CLASS 10 Geography Solutions

NCERT CLASS -10 Geography Solutions
(हिंदी माध्यम)

अध्याय-4 कृषि



कृषि

1. बहुवैकल्पिक प्रश्नोत्तर

1. निन्मलिखित में से कौन-सा उस प्रणाली को दर्शाता है जिसमें एक ही फसल लम्बे-चौड़े क्षेत्र में उगाई जाती है?

(क) स्थानांतरी कृषि

(ख) रोपण कृषि

(ग) बागवानी

(घ) गहन कृषि

उत्तर –(ख) रोपण कृषि

2. इनमें से कौन-सी रबी फसल है?

(क) चावल

(ख) मोटे अनाज

(ग) चना

(घ) कपास

उत्तर – (ग) चना

3. इनमें से कौन-सी एक फलीदार फसल है?

(क) दालें

(ख) मोटे अनाज

(ग) ज्वार तिल

(घ) तिल

उत्तर – (क) दालें

4. सरकार निम्नलिखित में से कौन-सी घोषणा फसलों को सहायता देने के लिए करती है?

(क) अधिकतम सहायता मूल्य

(ख) न्यूनतम सहायता मूल्य

(ग) मध्यम सहायता मूल्य

(घ) प्रभावी सहायता मूल्य

उत्तर – (ख) न्यूनतम सहायता मूल्य

2. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 30 शब्दों में दीजिए।

(i) एक पेय फसल का नाम बताएँ तथा उसको उगाने के लिए अनुकूल भौगोलिक परिस्थितियों का विवरण दें।

उत्तर- चाय एक महत्वपूर्ण पेय पदार्थ की फसल है।

     इसको उगाने के लिए अनुकूल भौगोलिक परिस्थितियों निम्नलिखित है-

● उष्ण तथा उपोष्ण कटिबंधीय जलवायु।

● ह्यूमस और जीवाश्म युक्त गहरी मिट्टी।

● सुगम जल निकास वाले ढलवाँ भूमि।

● वर्ष भर कोष्ण, नम और पालारहित जलवायु।

● वर्ष भर समान रूप से होने वाली वर्षा की बौछारें इसकी कोमल पतियों के विकास में सहायक होती है।

● पर्याप्त सस्ते और कुशल श्रमिकों की उपलब्धता इत्यादि।

चाय की खेती

(ii) भारत की एक खाद्य फसल का नाम बताएँ और जहाँ यह पैदा की जाती है उन क्षेत्रों का विवरण दें।

उत्तर – भारत मैं अधिकांश लोगों का खाद्यान चावल है । हमारा देश चीन के बाद दूसरा सबसे बड़ा चावल उत्पादक देश है । यह खरीफ की फसल है जिसे उगाने के लिए उच्च तापमान (25 डिग्री सेल्सियस से ऊपर) और अधिक आर्द्रता (100 सेंटीमीटर से अधिक वर्षा) की आवश्यकता होती है।

      चावल उत्तर और उत्तरी पूर्वी मैदानों, तटीय क्षेत्रों और डेल्टाई प्रदेशों में उगाया जाता है । नहरों के जाल और  नलकूपों की सघनता के कारण पंजाब, हरियाणा, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और राजस्थान के कुछ कम वर्षा वाले क्षेत्रों में चावल की फसल उगाना संभव हो पाया है।

(iii) सरकार द्वारा किसानों के हित में किये गए संस्थात सुधार कार्यक्रमों की सूची बताएँ।

उत्तर – सरकार द्वारा किसानों के हित में किए गए संस्थागत सुधार कार्यक्रमों की सूची निम्नलिखित है-

● जोतों की चकबंदी।

● सहकारिता एवं जमींनदारी इत्यादि की समाप्ति  करने को प्राथमिकता।

● भूमि विकास कार्यक्रम की शुरुआत किया गया।

● बाढ़, सुखाड़, चक्रवात, आग तथा बीमारी के लिए फसल बीमा का प्रावधान किया गया।

● किसानों को कम दर पर ऋण उपलब्ध कराने हेतु ग्रामीण बैंक, सहकारी समितियाँ और बैंकों की स्थापना किया गया।

● किसान क्रेडिट कार्ड और व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा योजना  भी शुरू की गई।

● आकाशवाणी और दूरदर्शन पर किसानों के लिए मौसम की जानकारी के बुलेटिन और कृषि कार्यक्रम प्रसारित किया जाता है।

● किसानों को बिचौलियों और दलालों के शोषण से बचाने के लिए न्यूनतम सहायता मूल्य और कुछ महत्वपूर्ण फसलों के लाभदायक खरीद मूल्यों की सरकार घोषणा करती है।

(iv) दिन-प्रतिदिन कृषि के अंतर्गत भूमि कम हो रही है। क्या आप इसके  परिणामों की कल्पना कर सकते है?

उत्तर – तीन प्रतिदिन कृषि के अंतर्गत भूमि कम हो रही है क्योंकि भारत की बढ़ती जनसंख्या के साथ घटता खाद्य उत्पादन देश की भविष्य खाद्य सुरक्षा पर प्रश्नचिन्ह लगाता है। भूमि के आवासन इत्यादि जैसे गैर-कृषि भूमि उपयोग और कृषि के बीच बढ़ती भूमि की प्रतिस्पर्धा के कारण बोए गए निवल क्षेत्र में कमी आई है।

        भूमि की उत्पादकता ने घटती प्रवृत्ति दर्शानी प्रारंभ कर दी है। उर्वरक, पीड़कनाशी और कीटनाशी, जिन्होंने कभी नाटकीय परिणाम प्रस्तुत किए थे, को अब मिट्टी के निम्नीकरण का दोषी माना जा रहा है।  जल की कालिक कमी के कारण सिंचित क्षेत्र में कमी आई है। असक्षम जल प्रबंधन से जलाक्रांतता और लवणता की समस्याएं खड़ी हो गई है।

3.निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 120 शब्दों में दीजिए।

(i) कृषि उत्पादन में वृद्धि सुनिश्चित करने के लिए सरकार द्वारा किये गए उपाय सुझाइए।

उत्तर – भारत एक कृषि प्रधान देश होने के कारण भारतीय कृषि अर्थव्यवस्था में नींव के पत्थर की भाँति महत्त्व रखती है। 2001 में देश की लगभग 63% जनसंख्या कृषि से रोजगार प्राप्त की। किंतु स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद से आज तक सकल घरेलू उत्पाद में कृषि का योगदान लगातार घट रहा है जो एक चिंता का विषय है। कृषि में गिरावट समाज के अन्य क्षेत्रों में गिरावट लाएगा तथा यह क्षेत्रीय विषमता को बढ़ावा देगा। यह सर्वथा कृषि पर आश्रित लोगों के हित में नहीं है।

        इसीलिए कृषि के महत्व को समझते हुए भारत सरकार ने इसके विकास एवं वृद्धि के लिए इसके आधुनिकीकरण कर प्रयास किया है। इसके अंतर्गत भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद एवं कृषि विश्वविद्यालयों की स्थापना, पशु चिकित्सा सेवाएँ तथा पशु प्रजनन केंद्र की स्थापना, बागवानी-विकास, मौसम विज्ञान और मौसम के पूर्वानुमान के क्षेत्र में अनुसंधान और विकास आदि को प्राथमिकता दी गई है।

(ii) भारतीय कृषि पर वैश्वीकरण के प्रभाव पर टिप्पणी लिखें।

उत्तर – वैश्वीकरण का भारतीय कृषि पर बहुत प्रभाव पड़ रहा है। वैश्वीकरण का अर्थ है देश की की अर्थव्यवस्था का विश्व की अर्थव्यवस्था के  साथ जोड़ना। इसने भारतीय बाजार को विश्व के बाजार के लिए खोल दिया है। अंतरराष्ट्रीय व्यापार पर सरकारी तंत्र की पकड़ ढीली हो गई है। अब विदेशी उत्पाद जिसमें कृषिजन्य उत्पाद भी शामिल है, आसानी से भारत में बेचे जा सकते हैं। इस अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा से भारतीय किसान को एक बहुत बड़ी चुनौती का सामना करना पड़ रहा है। भारतीय कृषि कई प्रकार की समस्याओं से जूझ रही है। इसकी सबसे बड़ी समस्या फसलों का प्रति एकड़ कम उत्पादन है।

         भारत में भूमि की प्रति इकाई में फसलों का उत्पादन जापान की 1/3 और संयुक्त राज्य अमेरिका का 1/4 है । वैश्विक प्रतिस्पर्धा का सामना करने के लिए भारत को अपनी कृषि संबंधित क्षमताओं को सुनियोजित ढंग से उपयोग करना होगा। जैव प्रौद्योगिकी के उपयोग के अलावा राष्ट्रीय बाजार का एकीकरण इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हो सकता है। इसके लिए सड़क, बिजली, सिंचाई, ऋण की सुविधा आदि उपलब्ध करना परम आवश्यक है।  इसके बिना कृषि को वैश्वीकरण के अनुचित प्रभाव से बचा पाना संभव नहीं है।

(iii) चावल की खेती के लिए उपयुक्त भौगोलिक परिस्थितियों का वर्णन करें।

उत्तर – चावल एक प्रमुख खाद्यान्न फसल है जिस पर अधिकांश जनसंख्या निर्भर करती है। विश्व का 22% चावल क्षेत्र भारत में है तथा यह कुल कृषि का 23% है। चावल की कृषि के लिए अनुकूल भौगोलिक दशाएं निम्नलिखित है-

(क) तापमान- यह उष्णकटिबंधीय फसल है। अतः इसकी उपज के लिए अधिक तापमान की आवश्यकता है। इसके लिए कम से कम 24 डिग्री सेंटीग्रेड तापमान की आवश्यकता है। बोते समय इसे 21 डिग्री सेल्सियस, बढ़ते समय 24 डिग्री सेल्सियस तथा पकते समय 27 डिग्री सेल्सियस तापमान की आवश्यकता होती है।

(ख) वर्षा- इसकी फसल के लिए 125 सेंटीमीटर से 200 सेंटीमीटर वर्षा की आवश्यकता होती है । इससे कम वर्षा वाले क्षेत्र में सिंचाई की सहायता से फसल उगाई जाती है।

(ग) मिट्टी- इसके लिए अत्यंत उपजाऊ जलोढ़ मिट्टी की आवश्यकता होती है। इसकी मिट्टी चिकायुक्त दोमट होनी चाहिए ताकि पौधों की जड़ें अच्छी तरह विकसित हो सके।

(घ) सस्ते कुशल श्रमिक- इसकी कृषि में मानव श्रम की अधिक आवश्यकता होती है। खेती की तैयारी से लेकर रोपनी-कटनी तक का कार्य मानव श्रम द्वारा ही संपादित होता है। भारत के सस्ते श्रमिक इसकी कृषि के लिए उपयुक्त मानवीय वातावण बनाते हैं।



बिहार बोर्ड CLASS 10 TOTAL OBJECTIVE GEOGRAPHY SOLUTIONS

बिहार बोर्ड CLASS 10

TOTAL OBJECTIVE GEOGRAPHY SOLUTIONSबिहार बोर्ड CLASS 10



बिहार बोर्ड CLASS 10 TOTAL OBJECTIVE

1. कोयला किस प्रकार का संसाधन है?

(a) अनवीकरणीय

(b) नवीकरणीय

(C) जैव

(d) अजैव

[read more] [a] अनवीकरणीय [/read]

2. सौर ऊर्जा निम्नलिखित में से कौन-सा संसाधन है:

(a) मानवकृत

(b) पुनः पूर्तियोग्य

(C) अजैव

(d) अचक्रीय

[read more] [b] पुनः पूर्तियोग्य [/read]

3. तट रेखा से कितने कि०मी० क्षेत्र सीमा अपवर्जक आर्थिक क्षेत्र कहलाते है?

(a) 100 N.M.

(b) 200 N.M.

(C) 150 N.M.

(d) 250 N.M.

[read more] [b] 200 N.M. [/read]

4. डाकुओं की अर्थव्यवस्था का संबंध है:-

(a) संसाधन संग्रहण से

(b) संसाधनों के अनियोजित विदोहन से

(C) संसाधन के नियोजित दोहन से

(d) इनमें से कोई नहीं।

[read more] [b] संसाधनों के अनियोजित विदोहन से [/read]

5. समुद्री क्षेत्र में राजनैतिक सीमा के कितनी कि०मी० क्षेत्र तक राष्ट्रीय सम्पदा निहित है:-

(a) 10.2 कि०मी०

(b) 15.5 कि०मी०

(C) 12.2 कि०मी०

(d) 19.2 कि०मी०

[read more] [d] 19.2 कि०मी० [/read]

6. पंजाब में भूमि निम्नीकरण का मुख्य कारण है:

(a) वनोन्मूलन

(b) गहन खेती

(C) अति पशुचारण

(d) अधिक सिंचाई

[read more] [d] अधिक सिंचाईं [/read]

7. सौपानी कृषि किस राज्य में प्रचलित है?

(a) हरियाणा

(b) पंजाब

(C) कर्नाटक

(d) उत्तराखंड

[read more] [d] उत्तराखंड [/read]

8.मरुस्थलीय मृदा का विस्तार निम्न में से कहाँ है?

(a) उत्तर प्रदेश

(b) राजस्थान

(C) कर्नाटक

(d) महाराष्ट्र

[read more] [b] राजस्थान [/read]

9. मेढ़क के प्रजनन को नष्ट करने वाला रसायन कौन है?

(a) बेंजीन

(b) यूरिया

(c) एंड्रिन

(d) फॉस्फोरस

[read more] [c] एंड्रिन [/read]

10. काली मृदा का दूसरा नाम क्या है?

(a) बलुई

(b) रेगुर मृदा

(c) लाल मृदा

(d) पर्वतीय मृदा

[read more] [b] रेगुर मृदा [/read]

11. वृहद क्षेत्र में जल की उपस्थिति के कारण ही पृथ्वी को कहते हैं-

(a) उजला ग्रह

(b) नीला ग्रह

(c) लाल ग्रह

(d) हरा ग्रह

[read more] [b] नीला ग्रह [/read]

12. कुल जल का कितना प्रतिशत भाग महासागरों में निहित है?

(a) 9.5 %

(b) 95.5 %

(c) 96 %

(d) 96.6 %

[read more] [d] 96.6 % [/read]

13. देश के बाँधों को किसने भारत का मंदिर कहा था?

(a) महात्मा गाँधी

(b) डॉ राजेन्द्र प्रसाद

(c) पंडित नेहरू

(d) स्वामी विवेकानंद

[read more] [c] पंडित नेहरू [/read]

14. प्राणियों के शरीर में कितना प्रतिशत जल की मात्रा निहित होती है?
(a) 55 %
(b) 60 %
(c) 65 %
(d) 70 %

[read more] [c] 65 % [/read]

15. बिहार में अति जल-दोहन से किस तत्व का सकेन्द्रण बढ़ा है?

(a) फ्लोराइड

(b) क्लोराइड

(c) आर्सेनिक

(d) लौह

[read more] [c] आर्सेनिक [/read]

16. भारत में 2001 में कितने प्रतिशत भौगोलिक क्षेत्र में वन का विस्तार था?

(a) 25

(b) 19.27

(c) 20

(d) 20.60

[read more] [b] 19.27 [/read]

17. वन स्थिति रिपोर्ट (2005) के अनुसार भारत में वन का विस्तार है-

(a) 20.60 प्रतिशत भौगोलिक क्षेत्र में

(b) 20.55 प्रतिशत भौगोलिक क्षेत्र में

(c) 20 प्रतिशत भौगोलिक क्षेत्र में

(d) इनमें से कोई नहीं

[read more] [a] 20.60 प्रतिशत भौगोलिक क्षेत्र में [/read]

18. बिहार में कितने प्रतिशत भौगोलिक क्षेत्र में वन का फैलाव है?

(a) 15

(b) 20

(c) 20.5

(d) 7.1

[read more] [d] 7.1 [/read]

19. पूर्वोत्तर राज्यों के 188 आदिवासी जिलों में देश के कुल क्षेत्र का कितना प्रतिशत वन है?

(a) 75

(b) 80.05

(c) 90.03

(d) 60.11

[read more] [d] 60.11 [/read]

20. किस राज्यमें वन का सबसे अधिक विस्तार है?

(a) केरल

(b) कर्नाटक

(c) मध्यप्रदेश

(d) उत्तर प्रदेश

[read more] [c] मध्यप्रदेश [/read]

21. वन संरक्षण एवं प्रबंधन की दृष्टि से वनों को वर्गीकृत किया गया है-

(a) 4 वर्गों में

(b) 3 वर्गों में

(c) 5 वर्गों में

(d) इनमें से कोई नहीं

[read more] [b] 3 वर्गों में [/read]

22. 1951 से 1980 तक लगभग कितना वर्ग किलोमीटर वन क्षेत्र कृषि भूमि में परिवर्तित हुआ?

(a) 30,0000

(b) 262,000

(c) 25,2000

(d) 35,5000

[read more] [b] 26,2000 [/read] 

23. संविधान की धारा 21 का संबंध है-

(a) वन्य जीवों तथा प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण

(b) मृदा संरक्षण

(c) जल संसाधन संरक्षण

(d) खनिज सम्पदा संरक्षण

[read more] [a] वन्य जीवों तथा प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण [/read]

24. एक एन०जी०ओ० की वानिकी रिपोर्ट के अनुसार 1948 में विश्व में कितने हेक्टेयर भूमि पर वन का विस्तार था।

(a) 6 अरब हेक्टेयर

(b) 4 अरब हेक्टेयर

(c) 8 अरब हेक्टेयर

(d) 5 अरब हेक्टेयर

[read more] [b] 4 अरब हेक्टेयर [/read]

25. प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण 1968 में कौन सा कनवेंशन हुआ था?

(a) अफ्रीकी कनवेंशन

(b) वेटलैंड्स कनवेंशन

(c) विश्व आपदा कनवेंशन

(d) इनमें से कोई नहीं

[read more] [a] अफ्रीका कनवेंशन [/read]

26. इनमें कौन सा जीव है जो केवल भारत में ही पाया जाता है?

(a) घड़ियाल

(b) डॉलफिन

(c) ह्वेल

(d) कछुआ

[read more] [a] घड़ियाल [/read]

27. भारत का राष्ट्रीय पक्षी है-

(a) कबूतर

(b) हंस

(c) मयूर

(d) तोता

[read more] [c] मयूर [/read]

28. मैंग्रोव का सबसे अधिक विस्तार है-

(a) अंडमान-निकोबार द्वीप समूह के तटीय भाग में

(b) सुंदर वन में

(c) पश्चिमी तटीय प्रदेश में

(d) पूर्वोतर राज्य में

[read more] [b] सुंदर वन में [/read]

29. टेक्सोल का उपयोग होता है-

(a) मलेरिया में

(b) एड्स में

(c) कैंसर में

(d) टी०बी० के लिए

[read more] [c] कैंसर में [/read]

30. ‘चरक’ का संबंध किस देश से था?

(a) म्यांमार

(b) श्रीलंका

(c) भारत से

(d) नेपाल से

[read more] [c] भारत से [/read] 

31. भारत में लगभग कितने खनिज पाए जाते है?

(a) 50

(b) 100

(c) 150

(d) 200

[read more] [b] 100 [/read]

32. इनमें से कौन लौह युक्त खनिज का उदाहरण है?

(a) मैंगनीज

(b) अभ्रक

(c) बॉक्साइट

(d) चुना-पत्थर

[read more] [a] मैंगनीज [/read]

33. निम्नलिखित में कौन अधात्विक खनिज का उदाहरण है?

(a) सोना

(b) टिन

(c) अभ्रक

(d) ग्रेफाइट

[read more] [c] अभ्रक [/read]

34. किस खनिज की उद्योग की जननी माना गया है?

(a) सोना

(b) तांबा

(c) लोहा

(d) मैंगनीज

[read more] [c] लोहा [/read]

35. कौन लौह अयस्क का एक प्रकार है?

(a) लिग्नाइट

(b) हेमेटाइट

(c) बिटुमिनस

(d) इन में से सभी

[read more] [b] हेमेटाइट [/read]

36. कौन भारत का सबसे बड़ा लौह उत्पादक राज्य है?

(a) कर्नाटक

(b) गोवा

(c) उड़ीसा

(d) झारखंड

[read more] [a] कर्नाटक [/read]

37. छतीसगढ़ भारत का कितना प्रतिशत लौह अयस्क का उत्पादन करता है?

(a) 10

(b) 20

(c) 30

(d) 40

[read more] [b] 20 [/read]

38. मैंगनीज उत्पादन में भारत का विश्व में क्या स्थान है?

(a) प्रथम

(b) द्वितीय

(c) तृतीय

(d) चतुर्थ

[read more] [c] तृतीय [/read]

39. एक टन इस्पात बनाने में कितने मैंगनीज का उपयोग होता है?

(a) 5 कि०ग्रा०

(b) 10कि०ग्रा०

(c) 15 कि०ग्रा०

(d) 20 कि०ग्रा०

[read more] [b] 10 कि०ग्रा० [/read]

40. उड़ीसा किस खनिज का सबसे बड़ा उत्पादक है?

(a) लौह अयस्क

(b) मैंगनीज

(c) टिन

(d) तांबा

[read more] [b] मैंगनीज [/read]

41. अल्युमिनियम बनाने के लिए किस खनिज की आवश्यकता पड़ती है?

(a) मैंगनीज

(b) टिन

(c) लोहा

(d) बॉक्साइट

[read more] [d] बॉक्साइट [/read]

42. देश में तांबे का कुल भण्डार कितना है?

(a) 100 करोड़ टन

(b) 125 करोड़ टन

(c) 150 करोड़ टन

(d) 175 करोड़ टन

[read more] [b] 125 करोड़ टन [/read]

43. बिहार-झारखंड में देश का कितना प्रतिशत अभ्रक़ का उत्पादन होता है?

(a) 60

(b) 70

(c) 80

(d) 90

[read more] [c] 80 [/read]

44. सीमेंट उद्योग का सबसे प्रमुख कच्चा माल क्या है?

(a) चुना-पत्थर

(b) बॉक्साइट

(c) ग्रेनाइट

(d) लोहा

[read more] [a] चुना-पत्थर [/read] 

45. किस राज्य में खनिज तेल का विशाल भंडार है?

(a) असम

(b) राजस्थान

(c) बिहार

(d) तमिलनाडु

[read more] [a] असम [/read]

46. भारत के किस स्थान पर पहला परमाणु ऊर्जा केंद्र स्थापित किया गया था?

(a) कलपक्कम

(b) नरौरा

(c) राणाप्रताप सागर

(d) तारापुर

[read more] [d] तारापुर [/read]

47. कौन सा ऊर्जा स्रोत अनवीकरणीय है?

(a) जल

(b) सौर

(c) कोयला

(d) पवन

[read more] [c] कोयला [/read] 

48. प्राथमिक ऊर्जा का उदाहरण नहीं है?

(a) कोयला

(b) विद्युत

(c) पेट्रोलियम

(d) प्राकृतिक गैस

[read more] [b] विद्युत [/read]

49. ऊर्जा का गैर-पारम्परिक स्रोत है।

(a) कोयला

(b) विद्युत

(c) पेट्रोलियम।

(d) सौर-ऊर्जा

[read more] [d] सौर-ऊर्जा [/read]

50. गोंडवाना समूह के कोयले का निर्माण हुआ था।

(a) 20 करोड़ वर्ष पूर्व

(b) 20 लाख वर्ष पूर्व

(c) 20 हजार वर्ष पूर्व

(d) इनमें से कोई नहीं

[read more] [a] 20 करोड़ वर्ष पूर्व [/read]

51. भारत में कोयले का सर्वप्रमुख उतपादक राज्य है:

(a) पश्चिम बंगाल

(b) झारखण्ड

(c) उड़ीसा

(d) छत्तीसगढ़

उत्तर- (b) झारखण्ड

52. सर्वोत्तम कोयले का प्रकार कौन-सा है?

(a) एंथ्रासाइट

(b) पीट

(c) लिग्नाइट

(d) बिटुमिनस

उत्तर- (a) एंथ्रासाइट

53. मुम्बई हाई क्यों प्रसिद्ध है?

(a) कोयले के निर्यात हेतु

(b) तेल शोधक कारखाना हेतु

(c) खनिज तेल हेतु

(d) परमाणु शक्ति हेतु

उत्तर- (c) खनिज तेल हेतु

54. भारत का प्रथम तेल शोधक कारखाना कहाँ स्थित है?

(a) मधुरा

(b) बरौनी

(c) डिगबोई

(d) गुवाहाटी

उत्तर- (c) डिगबोई

55. प्राकृतिक गैस किस खनिज के साथ पाया जाता है?

(a) यूरेनियम

(b) पेट्रोलियम

(c) चुना पत्थर

(d) कोयला

उत्तर- (b) पेट्रोलियम

56. भाखड़ा नंगल परियोजना किस नदी पर अवस्थित है?

(a) नर्मदा

(b) झेलम

(c) सतलज

(d) व्यास

उत्तर- (c) सतलज

57. दक्षिण भारत की सबसे बड़ी नदी घाटी परियोजना है?

(a) तुंगभद्रा

(b) शारावती

(c) चंबल

(d) हीराकुण्ड

उत्तर- (a) तुंगभद्रा

58. ताप विद्युत केंद्र का उदाहरण है?

(a) गया

(b) बरौनी

(c) समस्तीपुर

(d) कटिहार

उत्तर- (d) बरौनी

59. यूरेनियम का प्रमुख उत्पादक स्थल है:

(a) डिगबोई

(b) झरिया

(c) घाटशिला

d) जादूगोड़ा

उत्तर- (d) जादूगोड़ा

60. एशिया सबसे बड़ा परमाणु विद्युत गृह है:

(a) तारापुर

(b) कलपक्कम

(c) नरौरा

(d) कैगा

उत्तर- (a) तारापुर

61. भारत के किस राज्य में सौर-ऊर्जा के विकास की सर्वाधिक संभावनाएँ हैं?

(a) असम

(b) अरुणाचल प्रदेश

(c) राजस्थान

(d) मेघालय

उत्तर – (c) राजस्थान

62. ज्वारीय एवं तरंग ऊर्जा उत्पादन हेतु भारत के सर्वाधिक अनुकूल परिस्थितियाँ कहाँ पायी जाती है?

(a) मन्नार की खाड़ी में

(b) खम्भात की खाड़ी में

(c) गंगा नदी में

(d) कोसी नदी में

उत्तर- (b) खम्भात की खाड़ी में

63. इनमें से कौन औद्योगिक अवस्थिति का कारक नहीं है?

(a) बाजार

(b) जनसंख्या

(c) पूंजी

(d) ऊर्जा

उत्तर- (b) जनसंख्या

64. भारत में सबसे पहले स्थापित लौह इस्पात कंपनी निम्नांकित में से कौन है?

(a) भारतीय लौह और इस्पात कंपनी (IISCO)

(b) टाटा लौह इस्पात कंपनी (TISCO)

(c) बोकारो स्टील सिटी

(d) विश्वेश्वरैया लौह और इस्पात उद्योग

उत्तर- (b) टाटा लौह इस्पात कंपनी (TISCO)

65. पहली आधुनिक सूती निम्न मिल मुम्बई में स्थापित की गई थी, क्योंकि-

(a) मुम्बई एक पत्तन है।

(b) यह कपास उतपादक क्षेत्र के निकट स्थित है।

(c) मुम्बई में पूंजी उपलब्ध थी।

(d) उपर्युक्त सभी

उत्तर- (d) उपर्युक्त सभी

66. निम्नांकित में से कौन उद्योग कृषि पर आधारित नहीं है?

(a) सूतीवस्त्र

(b) सीमेंट

(c) चीनी

(d) जूट

उत्तर- (b) सीमेंट

67. हुगली औद्योगिक प्रदेश का केन्द्र है?

(a) कोलकता-रिसड़ा

(b) कोलकाता-कोन्नागरि

(c) कोलकाता-मोदिनीपुर

(d) कोलकाता-हावड़ा

उत्तर- (d) कोलकाता-हावड़ा

68. निम्नलिखित में से कौन उद्योग सार्वजनिक क्षेत्र के अंतर्गत आता है?

(a) जे०के ० सीमेंट उद्योग

(b) टाटा लौह एवं इस्पात

(c) बोकारो लौह इस्पात उद्योग

(d) रेमण्ड कृत्रिम वस्त्र उद्योग

उत्तर- (c) बोकारो लौह इस्पात उद्योग

69. इनमें से कौन उपभोक्ता उद्योग है?

(a) पेट्रो – रसायन

(b) लौह-इस्पात

(c) चीनी उद्योग

(d) चितरंजन लोकोमोटिव

उत्तर- (c) चीनी उद्योग

70. निम्नलिखित में से कौन छोटे पैमाने का उद्योग है?

(a) चीनी उद्योग

(b) कागज उद्योग

(c) खिलौना उद्योग

(d) विद्युत उपकरण उद्योग

उत्तर- (c) खिलौना उद्योग

71. भोपाल त्रासदी में किस गैस का रिसाव हुआ था?

(a) कार्बन डाइऑक्साइड

(b) कार्बन मोनोऑक्साइड

(c) मिथाई आइसोसाइनाइट

(d) सल्फर डाईऑक्साइड

उत्तर- (c) मिथाई आईसोसाइनाइट

72. स्वतंत्रता प्राप्ति के समय देशमें सड़कों की कुल लंबाई कितनी थी?

(a) 2.42 लाख कि०मी०

(b) 1.46 लाख कि०मी०

(c) 3.88 लाख कि०मी०

(d) 5.78 लाख कि०मी०

उत्तर- (c) 3.88 कि०मी०

73. पक्की सड़कों की लंबाई की दृष्टि से प्रथम स्थान पर कौन राज्य है?

(a) बिहार

(b) महाराष्ट्र

(c) तमिलनाडु

(d) केरल

उत्तर- (b) महाराष्ट्र

74. निम्नलिखित में से कौन सड़कों का एक वर्ग नहीं है?

(a) पूरब-पश्चिम गलियारा

(b) एक्सप्रेस वे

(c) स्वर्णिम त्रिभुज राजमार्ग

(d) सीमांत सड़के

उत्तर- (c) स्वर्णिम त्रिभुज राजमार्ग

75. भारत के किन शहरों में मेट्रो रेल सेवा उपलब्ध है?

(a) कोलकाता एवं दिल्ली

(b) दिल्ली एवं मुम्बई

(c) कोलकाता एवं चेन्नई

(d) दिल्ली एवं बेंगलुरु

उत्तर- वर्तमान समय में उपर्युक्त सभी शहरों में मेट्रो रेल सेवा उपलब्ध है।

76. किस वर्ष इंडियन एयरलाइंस को इंडियन नाम दिया गया?

(a) 2006

(b) 2003

(c) 2008

(d) 2005

उत्तर- (d) 2005

77. भारतीय अंतर्देशीय जलमार्ग प्राधिकरण के गठन किस वर्ष किया गया था?

(a) 1986

(b) 1988

(c) 1985

(d) 1989

उत्तर- (a) 1986

78. इन्नौर पत्तन किस राज्य में स्थित है?

(a) गुजरात

(b) गोवा

(c) तमिलनाडु

(d) कर्नाटक

उत्तर- (c) तमिलनाडु

79. भारत को कुल कितने डाक क्षेत्रों में बाँटा गया है?

(a) 7

(b) 5

(c) 6

(d) 8

उत्तर- (d) 8

80. देश में कितने विशेष आर्थिक क्षेत्र विकसित है?

(a) 10

(b) 7

(c) 15

(d) 5

उत्तर- (b) 7

81. फाल्ट विशेष आर्थिक क्षेत्र कहाँ स्थित है?

(a) बिहार

(b) प० बंगाल

(c) केरल

(d) उड़ीसा

उत्तर- (b) प० बंगाल

82. बिहार में कितने प्रतिशत क्षेत्र में खेती की जाती है?

(a) 50

(b) 60

(c) 80

(d) 36.5

उत्तर- (b) 60

83. राज्य की कितनी प्रतिशत जनसंख्या कृषि कार्य में लगी हुई है?

(a) 80

(b) 75

(c) 65

(d) 86

उत्तर- (a) 80

84. इनमें से कौन गन्ना उतपादक जिला नहीं है?

(a) दरभंगा

(b) पश्चिम चंपारण

(c) मुज़फ़्फ़रपुर

(d) रोहतास

उत्तर- (d) रोहतास

85. बिहार के जूट उत्पादन में

(a) वृद्धि हो रही है

(b) गिरावट हो रही है

(c) स्थिर है

(d) इनमें कोई नहीं

उत्तर- (b) गिरावट हो रही है

86. तम्बाकू उत्पादन क्षेत्र है-

(a) गंगा का उत्तरी मैदान

(b) गंगा का दक्षिणी मैदान

(c) हिमालय की तराई

(d) गंगा का दियारा

उत्तर- (d) गंगा का दियारा

87. कोसी नदी घाटी परियोजना का आरंभ हुआ-

(a) 1950 में

(b) 1948 में

(c) 1952 में

(d) 1954 में

उत्तर- (d) 1954 में

88. गण्डक परियोजना का निर्माण किस स्थान पर हुआ-

(a) बेतिया

(b) बाल्मीकिनगर

(c) मोतिहारी

(d) छपरा

उत्तर- (b) बाल्मीकिनगर

89. बिहार में नहरों द्वारा सर्वाधिक सिंचाई किस जिले में होती है?

(a) रोहतास

(b) सिवान

(c) गया

(d) पश्चिमी चंपारण

उत्तर- (a) रोहतास

90. बिहार में कुल कितने अधिसूचित क्षेत्र में वन का विस्तार है?

(a) 6374 कि०मी०

(b) 6370 कि०मी०

(c) 6380 कि०मी०

(d) 6350 कि०मी०

उत्तर- (a) 6374 कि०मी०

91. कुशेश्वर स्थान किस ज़िला में स्थित है?

(a) वैशाली में

(b) दरभंगा में

(c) बेगूसराय में.

(d) भागलपुर में

उत्तर- (b) दरभंगा में

92. काँवर झील स्थित है-

(a) दरभंगा जिला में

(b) भागलपुर जिला में

(c) बेगूसराय जिला में

(d) मुज़फ़्फ़रपुर जिला में

उत्तर- (c) बेगूसराय जिला में

93. संजय गांधी जैविक उद्यान किस नगर में स्थित है?

(a) राजगीर

(b) बोधगया

(c) बिहारसरीफ

(d) पटना

उत्तर- (d) पटना

94. बिहार में खनिज तेल मिलने की संभावनाएँ है:-

(a) हिमालय क्षेत्र में

(b) दक्षिण बिहार के मैदान में

(c) दक्षिण बिहार के पहाड़ी क्षेत्र में

(d) गंगा के द्रोणी में

उत्तर- (d) गंगा के द्रोणी में

95. चुना पत्थर का उपयोग मुख्य रूप से किस उद्योग में होता है?

(a) सीमेंट उद्योग

(b) लोहा उद्योग

(c) शीशा उद्योग

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (a) सीमेंट उद्योग

96. पाइराइट खनिज है-

(a) धात्विक

(b) अधात्विक

(c) परमाणु

(d) ईंधन

उत्तर- (b) अधात्विक

97. बिहार के सोना अयस्क से प्रतिटन शुद्ध सोना प्रलत होता है-

(a) 05 से 06 ग्राम

(b) 0.1 से 0.6 ग्राम

(c) 00.00 से 0.1 ग्राम

(d) 0.001 से 0.003 ग्राम

उत्तर- (b) 0.1 से 0.6 ग्राम

98. कहलगाँव तापीय विद्युत परियोजना किस ज़िला में अवस्थित है?

(a) भागलपुर

(b) मुंगेर

(c) जमुई

(d) साहेबगंज

उत्तर- (a) भागलपुर

99. कांटी तापीय विद्युत परियोजना किस जिले में स्थापित है?

(a) पूर्णिया

(b) सिवान

(c) मुजफ्फरपुर

(d) पूर्वी चंपारण

उत्तर- (c) मुजफ्फरपुर

100. बिहार में बी०एच०पी०सी० द्वारा वृहत्त परियोजनाओं की संख्या कितनी है?

(a) 3

(b) 10

(c) 5

(d) 7

उत्तर- (b) 10

101. बिहार में कार्यरत जल-विद्युत परियोजनाओं की कुल विद्युत उत्पादन क्षमता कितनी है?

(a) 35.60 मेगावाट

(b) 44.20 मेगावाट

(c) 50.69 मेगावाट

(d) 30 मेगावाट

उत्तर- N/A (इनमें से कोई नहीं)

102. बिहार के किस शहर में काँच उद्योग स्थापित है?

(a) हाजीपुर

(b) शाहपुर

(c) मुरकुंडा

(d) भवानी नगर

उत्तर- (a) हाजीपुर

103. सिगरेट का कारखाना कहाँ है?

(a) मुंगेर में

(b) पटना में

(c) शाहपुर में

(d) गया में

उत्तर- (a) मुंगेर में

104. रेल वर्कशॉप कहाँ स्थित है?

(a) जमालपुर

(b) भागलपुर

(c) मुंगेर

(d) पटना

उत्तर- (a) जमालपुर

105. खाद कारखाना कहाँ स्थित है?

(a) बरौनी

(b) बाढ़

(c) मोकामा

(d) लक्खीसराय

उत्तर- (a) बरौनी

106. किस नगर में कालीन तैयार होता है?

(a) ओबरा

(b) दाउदनगर

(c) बिहारसरीफ

(d) गया

उत्तर- (a) ओबरा

107. अशोक पेपर मिल किस जिला में स्थित है?

(a) समस्तीपुर

(b) पटना

(c) पूर्णिया

(d) अररिया

उत्तर- इनमें से कोई नहीं (सही उत्तर-दरभंगा)

108. बिहार की पहली रेल लाईन थी?

(a) मार्टीन लाइट रेलवे

(b) ईस्ट इंडिया रेल मार्ग

(c) भारत रेल

(d) बिहार रेल सेवा

उत्तर- (b) ईस्ट इंडिया रेल मार्ग

109. पटना हवाई अड्डा का क्या नाम है?

(a) जय प्रकाश अंतरराष्ट्रीय हवाई पत्तन

(b) पटना हवाई अड्डा

(c) राजेन्द्र प्रसाद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा

(d) बिहार हवाई अड्डा

उत्तर- (a) जय प्रकाश अंतरराष्ट्रीय हवाई पत्तन

110. ग्रांड ट्रंक रोड का राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या क्या है?

(a) 1

(b) 2

(c) 3

(d) 4

उत्तर- (b) 2

111. बिहार में रेल परिवहन का शुभारंभ कब से माना जाता है?

(a) 1842 से

(b) 1860 से

(c) 1858 से

(d) 1862 से

उत्तर- (b) 1860

112. मध्य पूर्व रेलवे का मुख्यालय कहाँ है?

(a) पटना में

(b) हाजीपुर में

(c) मुज़फ़्फ़रपुर में

(d) समस्तीपुर में

उत्तर- (b) हाजीपुर में

113. बिहार की सीमा में रेलमार्ग की कुल लम्बाई कितनी है?

(a) 6283 कि०मी०

(b) 5283 कि०मी०

(c) 7283 कि०मी०

(d) 8500 कि०मी०

उत्तर- (a) 6283 कि०मी०(वर्ष 2001)

114. बिहार में रज्जुमार्ग कहाँ है?

(a) बिहारसरीफ

(b) राजगीर

(c) गया

(d) बांका

उत्तर- (b) राजगीर

115. मंदार झील किस जिला में स्थित है?

(a) मुंगेर

(b) भागलपुर

(c) बांका

(d) बक्सर

उत्तर- (c) बांका

116. राष्ट्रीय पोत संस्थान पटना के किस घाट पर स्थित है?

(a) महेन्द्रू घाट

(b) गाँधी घाट

(c) दीघा घाट

(d) बांस घाट

उत्तर- (a) महेन्द्रू घाट

117. 2001 में बिहार की कुल जनसंख्या थी-

(a) 8 करोड़ से कम

(b) 9 करोड़ से अधिक

(c) 8 करोड़ से अधिक

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (c) 8 करोड़ से अधिक

118. 1991-2001 के दौरान बिहार की जनसंख्या वृद्धि दर है।

(a) 30 प्रतिशत

(b) 28 प्रतिशत

(c) 28.63 प्रतिशत

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (c) 28.63 प्रतिशत

119. बिहार में ग्रामीण आबादी है-

(a) 89.5 प्रतिशत

(b) 79.5 प्रतिशत

(c) 99.5 प्रतिशत

(d) शून्य प्रतिशत

उत्तर- (a) 89.5 प्रतिशत (2001)

120. 2001 की जनगणना के अनुसार बिहार में प्रतिवर्ग किलोमीटर कितने व्यक्ति रहते है?

(a) 772 व्यक्ति

(b) 881व्यक्ति

(c) 981 व्यक्ति

(d) 782व्यक्ति

उत्तर- (b) 881 व्यक्ति

121. सबसे अधिक आबादी वाला कौन जिला है?

(a) भागलपुर

(b) पटना

(c) नालंदा

(d) मुंगेर

उत्तर- (b) पटना

122. सासाराम नगर का विकास हुआ था-

(a) मध्ययुग में

(b) प्राचीन युग में

(c) वर्तमान युग में

(d) आधुनिक समय में

उत्तर- (a) मध्ययुग में

123. अविभाजित बिहार में एक मात्र नियोजित नगर था-

(a) पटना

(b) मुंगेर

(c) टाटानगर

(d) गया

उत्तर- (c) टाटानगर

124. 2001 की जनगणना के अनुसार बिहार की नगरीय आबादी है-

(a) 20.5 प्रतिशत

(b) 15.5 प्रतिशत

(c) 10.5 प्रतिशत

(d) 25.5 प्रतिशत

उत्तर- (c) 10.5 प्रतिशत

125. बिहार का सबसे बड़ा नगर है?

(a) पटना

(b) गया

(c) भागलपुर

(d) दरभंगा

उत्तर- (a) पटना

126. उच्चावच प्रदर्शन के लिए हैश्यूर विधि का विकास किसने किया था?

(a) गुटेनबर्ग

(b) लेहमान

(c) गिरार

(d) रिटर

उत्तर- (b) लेहमान

127. पर्वतीय छायाकरण विधि में भू-आकृतियों पर किस दिशा से प्रकाश पड़ने की कल्पना की जाती है?

(a) उत्तर-पूर्व

(b) पूर्व-दक्षिण

(c) उत्तर-पश्चिम

(d) दक्षिण-पश्चिम

उत्तर- (c) उत्तर-पश्चिम

128. छोटी,महीन एवं खंडित रेखाओं को ढाल की दिशा में खींचकर उच्चावच प्रदर्शन की विधि को क्या कहा जाता है?

(a) स्तर रंजन

(b) पर्वतीय छायाकरण

(c) हैश्यूर

(d) तल चिन्ह

उत्तर- (c) हैश्यूर

129. तल चिन्ह की सहायता से किसी स्थान विशेष की मापी गयी ऊँचाई को क्या कहा जाता है?

(a) स्थानिक ऊँचाई

(b) विशेष ऊँचाई

(c) समोच्च रेखा

(d) त्रिकोणमितीय स्टेशन

उत्तर- (a) स्थानिक ऊँचाई

130. स्तर रंजन विधि के अंतर्गत मानचित्रों में नीले रंग से किस भाग को दिखाया जाता है?

(a) पर्वत

(b) पठार

(c) मैदान

(d) जल

उत्तर- (d) जल

131. इनमें से कौन प्राकृतिक आपदा नहीं है?

(a) सुनामी

(b) बाढ़

(c) आतंकवाद

(d) भूकंप

उत्तर- (c) आतंकवाद

132. इनमें से कौन मानव जनित आपदा है?

(a) साम्प्रदायिक दंगे

(b) आतंकवाद

(c) महामारी

(d) उपर्युक्त सभी

उत्तर- (d) उपर्युक्त सभी

133. सुनामी का मुख्य कारण क्या है?

(a) समुद्र में भूकंप का आना

(b) स्थलीय क्षेत्र पर भूकंप का आना

(c) द्वीप पर भूकंप का आना

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (a) समुद्र में भूकंप का आना

134. नदियों में बाढ़ आने का प्रमुख कारण क्या है?

(a) जल की अधिकता

(b) नदी की तली में अवसाद का जमाव

(c) वर्षा का अधिकता

(d) उपर्युक्त सभी

उत्तर- (d) उपर्युक्त सभी

135. बिहार का कौन सा क्षेत्र बाढ़ ग्रस्त क्षेत्र है?

(a) पूर्वी बिहार

(b) दक्षिणी बिहार

(c) पश्चिमी बिहार

(d) उत्तरी बिहार

उत्तर- (d) उत्तरी बिहार

136. निम्लिखित में से किस नदी को बिहार का शोक कहा जाता है?

(a) गंगा

(b) गंडक

(c) कोसी

(d) पुनपुन

उत्तर- (c) कोसी

137. बाढ़ क्या है?

(a) प्राकृतिक आपदा

(b) मानव जनित आपदा

(c) सामान्य आपदा

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (a) प्राकृतिक आपदा

138. सूखा किस प्रकार की आपदा है?

(a) प्राकृतिक आपदा

(b) मानवीय आपदा

(c) सामान्य आपदा

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (a) प्राकृतिक आपदा

139. सूखे की स्थिति किस प्रकार आती है?

(a) अचानक

(b) पूर्व सूचना के अनुसार

(c) धीरे-धीरे

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (c) धीरे-धीरे

140. सूखे के लिए जिम्मेवार कारक है:

(a) वर्षा की कमी

(b) भूकंप

(c) बाढ़

(d) ज्वालामुखी

उत्तर- (a) वर्षा की कमी

141. सूखे से बचाव का एक मुख्य तरीका है-

(a) नदियों को आपस में जोड़ देना

(b) वर्षा जल संग्रह करना

(c) बाढ़ की स्थिति उत्पन्न करना

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (b) वर्षा जल संग्रह करना

142. महासागर की तली पर होने वाले कम्पन्न को किस नाम से जाना जाता है?

(a) भूकंप

(b) चक्रवात

(c) सुनामी

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (c) सुनामी

143. 26 दिसंबर,2004 को विश्व के किस हिस्से में भयंकर सुनामी आया था?

(a) पश्चिम एशिया

(b) प्रशांत महासागर

(c) अटलांटिक महासागर

(d) बंगाल की खाड़ी

उत्तर- (d) बंगाल की खाड़ी

144.भूकंप से पृथ्वी की सतह पर पहुंचने वाली सबसे पहली तरंग को किस नाम से जाना जाता है?

(a) पी-तरंग

(b) एस-तरंग

(c) एल-तरंग

(d) टी-तरंग

उत्तर- (a) पी-तरंग

145. भूकंप केंद्र के ऊर्ध्वाधर पृथ्वी पर स्थित केंद्र को क्या कहा जाता है?

(a) भूकंप केंद्र

(b) अधि केंद्र

(c) अनु केंद्र

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (b) अधि केंद्र

146. भूकम्प अथवा सुनामी से बचाव का इनमें से कौन सा तरीका सही नहीं है?

(a) भूकंप के पूर्वानुमान को गंभीरता से लेना,

(b) भूकंप निरोधी भवनों का निर्माण मरना,

(c) गैर-सरकारी संगठनों द्वारा राहत कार्य हेतु तैयार रहना,

(d) भगवान भरोसे बैठे रहना।

उत्तर- (d) भगवान भरोसे बैठे रहना।

147. बाढ़ के समय निम्नलिखित में से किस स्थान पर जाना चाहिए?

(a) ऊँची भूमि वाले स्थान पर

(b) गाँव के बाहर

(c) जहाँ हैं उसी स्थान पर

(d) खेतों में

उत्तर- (a) ऊँची भूमि वाले स्थान पर

148. मलबे के नीचे दबे हुए लोगों को पता लगाने के लिए किस यन्त्र की मदद ली जाती है?

(a) दूरबीन

(b) इंफ्रारेड कैमरा

(c) हेलीकॉप्टर

(d) टेलिस्कोप

उत्तर- (b) इंफ्रारेड कैमरा

149. आग से जलने की स्थिति में जले हुए स्थान पर क्या प्राथमिक उपचार करना चाहिए?

(a) ठंडा पानी डालना

(b) गर्म पानी डालना

(c) अस्पताल पहुँचाना

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (a) ठंडा पानी डालना

150. बस्ती/मकान में आग लगने की स्थिति में क्या करना चाहिए?

(a) अग्निशामक यंत्र को बुलाना

(b) दरवाजे-खिड़कियाँ लगाना

(c) आग बुझने तक इंतजार करना

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (a) अग्निशामक यंत्र को बुलाना

151. सुनामी किस स्थान पर आता है?

(a) स्थल

(b) समुद्र

(c) आसमान

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (b) समुद्र

152. सामान्य संचार व्यवस्था के बाधित होने का मुख्य कारण है:

(a) केबुल का टूट जाना

(b) संचार टावरों की दूरी

(c) टावरों की ऊँचाई में कमी

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (a) केबुल का टूट जाना

153. संचार का सबसे लोकप्रिय साधन है:

(a) सार्वजनिक टेलीफोन

(b) मोबाइल

(c) वॉकी-टॉकी

(d) रेडियों

उत्तर- (b) सार्वजनिक टेलीफोन

154. सुदूर संवेदी उपग्रह (रिमोट सेंसिंग उपग्रह) का प्रयोग किसलिए होता है?

(a) दूर संचार के लिए

(b) मौसम विज्ञान के लिए

(c) संसाधनों की खोज एवं प्रबंधन हेतु

(d) दूरदर्शन के लिए

उत्तर- (b) संसाधनों की खोज एवं प्रबंधन हेतु

155. निम्नलिखितमें कौन प्राकृतिक आपदा है?

(a) आग लगना

(b) बम विस्फोट

(c) भूकंप

(d) रासायनिक दुर्घटनाएँ

उत्तर- (c) भूकंप

156. भूकंप संभावित क्षेत्रों में भवनों की आकृति कैसी होनी चाहिए?

(a) अण्डाकार

(b) त्रिभुजाकार

(c) चौकोर

(d) आयताकार

उत्तर- (d) आयताकार

157. भूस्खलन वाले क्षेत्र में ढलान पर मकानों के निर्माण क्या है?

(a) उचित

(b) अनुचित

(c) लाभकारी

(d) उपयोगी

उत्तर- (b) अनुचित

158. सुनामी प्रभावित क्षेत्र में मकानों के निर्माण कहाँ करना चाहिए?

(a) समुद्र के निकट

(b) समुद्र तट से दूर

(c) समुद्र तट से दूर ऊँचाई पर

(d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर- (c) समुद्र तट से दूर ऊँचाई पर

159. बाढ़ से सबसे अधिक हानि होती है-

(a) फसल को

(b) पशुओं को

(c) भवनों को

(d) उपरोक्त सभी को

उत्तर- (d) उपरोक्त सभी को

160. कृषि सुखाड़ होता ही –

(a) जल के अभाव में

(b) मिट्टी की नमी के अभाव में

(c) मिट्टी के क्षय के कारण

(d) मिट्टी की लवणता के कारण

उत्तर- (b) मिट्टी की नमी के अभाव में



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